Lucknow: कैब चालक और डिलीवरी ब्वॉय बिना चरित्र सत्यापन के काम नहीं कर सकेंगे।
Lucknow: लखनऊ में लगातार हो रही आपराधिक घटनाओं को देखते हुए अब कमिश्नरेट पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। राजधानी में ओला, ऊबर, रैपीडो, जोमैटो, स्विगी जैसी कैब और डिलीवरी सर्विस देने वाली कंपनियों के ड्राइवर और डिलीवरी ब्वॉय बिना कैरेक्टर वेरिफिकेशन (चरित्र सत्यापन) के काम नहीं कर सकेंगे।
लखनऊ पुलिस ने सभी सर्विस प्रोवाइडर कंपनियों को निर्देश दिया है कि वे अपने ड्राइवरों और डिलीवरी कर्मचारियों की वेरिफिकेशन लिस्ट तैयार करें और पुलिस को सौंपें। अगर कोई भी व्यक्ति बिना वेरिफिकेशन के काम करता हुआ मिला, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।पुलिस का कहना है कि हाल ही में हुई कई आपराधिक घटनाओं में डिलीवरी ब्वॉयज और कैब ड्राइवर्स की संलिप्तता सामने आई है, जिनमें चोरी, छेड़खानी और लूट जैसे मामले शामिल हैं।
कोई भी डिलीवरी ब्वॉय या कैब ड्राइवर अगर बिना कैरेक्टर वेरिफिकेशन के काम करता मिला, तो उस पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो सकती है और उन्हें गिरफ्तार भी किया जा सकता है।पुलिस ने साफ कहा है कि अगर कोई ड्राइवर या डिलीवरी ब्वॉय आपराधिक पृष्ठभूमि वाला निकला, तो संबंधित कंपनी की जवाबदेही तय की जाएगी। इसलिए सभी कंपनियों को जल्द से जल्द वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पूरी कर पुलिस को लिस्ट सौंपनी होगी।