Bareilly: निकाह के लिए फर्जी पद संभाला, नौकरी न जाने पर पत्नी ने कराई जेल भेजने की कार्रवाई
बीवी ने भिजवाया जेल
बरेली: गिरफ्तारी से बचने के लिए सीने में दर्द होने का बहाना बनाकर इलाज के लिए पिछले कई दिनों से 300 बेड अस्पताल मे भर्ती फर्जी कस्टम इंस्पेक्टर को बारादरी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद शुक्रवार को उसे जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपी के पास से दो जोड़ी वर्दी, दो आईडी और अन्य सामान बरामद किया। पुलिस को खुद शहजाद ने बताया कि उसने बीकॉम ऑनर्स किया है। हाफिजगंज मे इकरा उसकी गली मे किराये पर रहती थी। वहां आने-जाने के चलते इकरा से उसे प्यार हो गया, लेकिन उसके घरवाले सरकारी नौकरी वाले लड़के से शादी करना चाहते थे। इसलिए कुछ दिन उसने मुरादाबाद में रहकर सीजीएल व सब इंस्पेक्टर की तैयारी कर पेपर दिया लेकिन चयन नही हुआ।
एक दिन वह सीजीएल (कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल एग्जाम) का रिजल्ट देख रहा था। जिसमे वर्ष 2022 की लिस्ट मे 2643 नंबर पर शहजाद अंसारी का नाम था। कंप्यूटर के जरिये उसने लिस्ट में एडिटिंग कर शहजाद अंसारी की जगह शहजाद अहमद कर दिया। फर्जी नियुक्तिपत्र तैयार कर मुरादाबाद से ही दो वर्दी सिलवाई और फिर जीएसटी इंस्पेक्टर बनकर गांव पहुंच गया। इंस्पेक्टर बनकर शहजाद गांव मे पहुंचा तो जगह-जगह समाज के लोगों ने उसका सम्मान किया। मीडिया ने भी उसका इंटरव्यू लिया और फिर उसे प्रसिद्धि पाने का चस्का लग गया। वह इंस्पेक्टर की वर्दी में सोशल मीडिया पर भी फोटो अपलोड कर रौब जमाने लगा। मगर शादी के बाद वह काम पर नही गया तो पत्नी और साले ने उसका भेद खोल दिया। इकरा ने तीन जून को थाना बारादरी मे पति शहजाद अहमद और सास शहनाज के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई।
आरोप लगाया कि शहजाद ने फर्जी जीएसटी इंस्पेक्टर बनकर उन्हें प्रेमजाल में फंसाया और 18 दिसंबर 2024 को निकाह कर लिया। इसी बीच शहजाद का भेद खुल गया कि वह जीएसटी इंस्पेक्टर नही है। उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे। घर मे विवाद हुआ तो वह सीने में दर्द बताकर 300 बेड अस्पताल में भर्ती हो गया। इकरा ने थाना बारादरी मे ही इस मामले की रिपोर्ट लिखा दी। पुलिस ने अस्पताल से छुट्टी कराकर पूछताछ की तो थाने में उसकी तबियत फिर बिगड़ गई और परिवार वालों ने उसे दोबारा अस्पताल में भर्ती करा दिया। शुक्रवार को अस्पताल से उसकी छुट्टी हुई तो पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर खाकी रंग की दो वर्दी, नेम प्लेट, बेल्ट कैप, दो आधार कार्ड, पुलिस इंस्पेक्टर व जीएसटी इंस्पेक्टर दो फर्जी आईडी कार्ड और एडिट कर बनाई चयन सूची बरामद की है।
सीओ तृतीय पंकज श्रीवास्तव के अनुसार शहजाद अहमद युवती से प्रेम करता था और शादी करना चाहता था। युवती के परिजन बेरोजगार से शादी को तैयार नही थे तो वह फर्जीवाड़ा कर जीएसटी इंस्पेक्टर बन गया। आरोपी से दो वर्दी, आईडी कार्ड आदि बरामद कर जेल भेज दिया गया है।