Punjab.पंजाब: पंजाब पुलिस ने हाल ही में जानकारी दी है कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद से राज्य में कुल 457 जासूसों को गिरफ्तार किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि यह संख्या ISI जैसी विदेशी जासूसी एजेंसियों की गतिविधियों में बढ़ोतरी का संकेत देती है। पंजाब पुलिस ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरे के रूप में देखा है और ऐसे मामलों में सतर्क रहने की अपील की है।
पंजाब पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के तहत विभिन्न जिलों में चलाए गए निगरानी और जांच अभियान के दौरान संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान की गई। इनमें कई ऐसे लोग शामिल थे, जिनसे खुफिया जानकारी और संवेदनशील राज्य-संबंधित जानकारियाँ हासिल करने का प्रयास किया जा रहा था। अधिकारी ने कहा कि गिरफ्तार किए गए जासूसों के पास कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और संवेदनशील दस्तावेज भी पाए गए।
पुलिस ने बताया कि अधिकांश जासूस ISI नेटवर्क से जुड़े थे और उनकी गतिविधियों का उद्देश्य राज्य और राष्ट्रीय सुरक्षा को प्रभावित करना था। इन जासूसों की गिरफ्तारी से कई संभावित खतरों को समय रहते रोका जा सका। अधिकारी ने कहा कि “इस अभियान से यह स्पष्ट हुआ है कि पंजाब में विदेशी जासूस नेटवर्क सक्रिय हैं और उनकी रणनीति को रोकना आवश्यक है।”
विशेषज्ञों का कहना है कि पंजाब का भौगोलिक और रणनीतिक महत्व इसे विदेशी जासूसी गतिविधियों के लिए संवेदनशील बनाता है। उन्होंने सुझाव दिया कि राज्य में खुफिया और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की आवश्यकता है। इसके साथ ही, आम नागरिकों से अपील की गई है कि वे संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी तुरंत पुलिस या खुफिया एजेंसियों को दें।
पुलिस अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि गिरफ्तार जासूसों से पूछताछ जारी है और उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा। पूछताछ से कई बड़े नेटवर्क और संभावित खतरों का खुलासा होने की उम्मीद है। अधिकारी ने कहा कि इस अभियान से राज्य और राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
सोशल मीडिया और मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस खबर के फैलने के बाद जनता में सुरक्षा और सुरक्षा एजेंसियों के प्रति विश्वास बढ़ा है। नागरिकों ने पुलिस की सतर्कता की सराहना की और कहा कि ऐसे अभियान न केवल सुरक्षा के लिए आवश्यक हैं बल्कि राज्य और देश की सुरक्षा में भी योगदान देते हैं।