DIMAPUR दीमापुर: नागालैंड के दीमापुर में रविवार को जीएस रोड स्थित विष्णु हार्डवेयर में भीषण आग लगने से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही समय में दुकान के बड़े हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया। घटना में दुकान के अंदर रखे सामान और संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचने की बात सामने आई है। प्रारंभिक अनुमान के मुताबिक, दुकान मालिक ने नुकसान की कीमत करीब 45 से 50 लाख रुपये बताई है। हालांकि, आग से हुए कुल नुकसान का वास्तविक आकलन संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
जानकारी के अनुसार, रविवार को जीएस रोड पर स्थित विष्णु हार्डवेयर में अचानक आग लग गई। आग की लपटें और धुआं दिखाई देने के बाद आसपास मौजूद लोगों को घटना की जानकारी हुई। देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। आग की गंभीरता को देखते हुए तुरंत दमकल विभाग को सूचना दी गई, जिसके बाद फायर ब्रिगेड की टीमों को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया।
आग पर काबू पाने के लिए कुल छह दमकल वाहनों को मौके पर भेजा गया। इनमें दो दमकल गाड़ियां वेस्ट फायर स्टेशन से और चार दमकल गाड़ियां सेंट्रल फायर स्टेशन से पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का अभियान शुरू किया। आग के बड़े क्षेत्र में फैलने की आशंका को देखते हुए दमकल कर्मचारियों ने काफी सावधानी के साथ कार्रवाई की और आसपास के हिस्सों को भी सुरक्षित रखने का प्रयास किया।
आग लगने की घटना के बाद इसके संभावित कारण को लेकर भी सवाल उठने लगे। मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने शॉर्ट सर्किट को आग की वजह मानने से इनकार किया। उनका कहना था कि जिस समय आग लगी, उस समय इलाके में बिजली की आपूर्ति नहीं थी। जानकारी के अनुसार, ट्रांसफॉर्मर के रखरखाव से जुड़े काम के कारण सुबह करीब 10:30 बजे से बिजली काट दी गई थी। ऐसे में आग लगने के पीछे शॉर्ट सर्किट की संभावना पर सवाल उठाया गया।
हालांकि, फायर विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि फिलहाल आग लगने का वास्तविक कारण सामने नहीं आया है। अधिकारियों के अनुसार, घटना की जांच के बाद ही यह पता चल सकेगा कि आग आखिर किस वजह से शुरू हुई और किस परिस्थिति में इतनी तेजी से फैली। दमकल विभाग की ओर से आग लगने के कारणों का पता लगाने के साथ-साथ नुकसान का आकलन भी किया जा सकता है।
दुकान मालिक के अनुसार, आग की वजह से हार्डवेयर की दुकान में रखा काफी सामान जलकर नष्ट हो गया। दुकान में निर्माण और हार्डवेयर से संबंधित विभिन्न सामान मौजूद होने के कारण आग से बड़े आर्थिक नुकसान की आशंका जताई गई है। मालिक ने प्रारंभिक तौर पर संपत्ति के नुकसान का अनुमान लगभग 45 से 50 लाख रुपये लगाया है। हालांकि, आग पूरी तरह बुझने और दुकान के अंदर के सामान का निरीक्षण किए जाने के बाद नुकसान का विस्तृत आंकड़ा सामने आने की उम्मीद है।
घटना के दौरान जीएस रोड पर लोगों की आवाजाही भी प्रभावित हुई। आग और दमकल वाहनों की मौजूदगी के कारण आसपास के क्षेत्र में काफी हलचल रही। स्थानीय लोगों ने भी दमकल कर्मियों की कार्रवाई में सहयोग किया। आग के फैलने की आशंका को देखते हुए आसपास के लोगों में भी चिंता बनी रही।
दमकल विभाग की टीमों ने आग को नियंत्रित करने के लिए लगातार प्रयास किया। छह दमकल वाहनों की मदद से आग पर पानी और अन्य अग्निशमन उपायों के जरिए काबू पाने का अभियान चलाया गया। अधिकारियों का मुख्य उद्देश्य आग को आसपास की दुकानों और अन्य संपत्तियों तक फैलने से रोकना था।
फिलहाल घटना में किसी व्यक्ति के घायल होने या जनहानि की सूचना सामने नहीं आई है। हालांकि, संपत्ति और दुकान के सामान को भारी नुकसान होने की बात कही जा रही है। आग लगने के कारणों को लेकर जांच जारी है और फायर विभाग की रिपोर्ट के बाद स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।
दीमापुर में हुई इस घटना ने व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों के अनुसार, दुकानों और गोदामों में ज्वलनशील या तेजी से आग पकड़ने वाली सामग्री रखे जाने के कारण आग लगने की स्थिति में नुकसान तेजी से बढ़ सकता है। ऐसे में नियमित विद्युत जांच, अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता और आपातकालीन निकासी व्यवस्था पर विशेष ध्यान देना जरूरी है।
फिलहाल विष्णु हार्डवेयर में लगी आग के सही कारण और कुल आर्थिक नुकसान का पता लगाने के लिए संबंधित विभागों की जांच का इंतजार है। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार नुकसान 45 से 50 लाख रुपये के बीच बताया गया है। अधिकारियों की जांच पूरी होने के बाद ही आग की वास्तविक वजह और नुकसान की अंतिम तस्वीर सामने आ सकेगी।