Ujjain उज्जैन: पंचांग की गणना में स्थानीय दिनमान के अनुसार बुधवार को दोपहर 3 बजकर 8 मिनट के बाद सूर्य धनु राशि को छोड़कर मकर राशि में प्रवेश करेंगे। सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करते ही श्रद्धालु स्नान, दान कर मकर संक्रांति मनाएंगे। वैसे कुछ श्रद्धालु सुबह से ही स्नान करने शिप्रा तट पर पहुंच हैं। हालांकि कुछ विद्वानों का मत है कि अगर सूर्यदेव दोपहर बाद मकर राशि में प्रवेश करते हैं, तो पर्वकाल अगले दिन सुबह अर्थात गुरुवार को मनाना चाहिए। ऐसे में मतांतर के चलते धर्मधानी उज्जैन में बुधवार व गुरुवार को दो दिन पर्वकाल मनाया जा रहा है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार मकर संक्रांति पर तीर्थ स्नान तथा दान पुण्य की परंपरा है। इस बार दो दिन पर्वकाल होने से श्रद्धालु आज शिप्रा स्नान करने के बाद दान पुण्य कर रहे हैं, इसके साथ ही कल गुरुवार को भी स्नान करने पहुचेंगे। शासन, प्रशासन द्वारा मकर संक्रांति पर्व स्नान के लिए शिप्रा में नर्मदा का जल प्रवाहित किया है। आस्थावान शिप्रा के घटों पर नर्मदा के साफ स्वच्छ जल में स्नान कर रहे हैं।