Madhya Pradesh मध्य प्रदेश : सरकारी विभागों में आउटसोर्सिंग से भर्तियों की संवैधानिक वैधता को बुधवार को मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में चुनौती दी गई। कर्मचारी अधिकारों की वकालत करने वाले अजाक्स संघ द्वारा दायर याचिका में दावा किया गया है कि आउटसोर्सिंग से कर्मचारियों के हितों की अनदेखी होती है। याचिका में कहा गया है कि नियमितीकरण का कोई प्रावधान नहीं है और कम वेतन और बढ़े हुए कार्यभार के कारण कर्मचारियों को उत्पीड़न का सामना करना पड़ता है। साथ ही, इन कर्मचारियों को बिना सामाजिक सुरक्षा के बर्खास्त किया जा सकता है और उन्हें अपील करने का कोई अधिकार नहीं है। याचिका में तर्क दिया गया है कि आउटसोर्सिंग प्रक्रिया मानव तस्करी जैसी है।