Kerala : कल्लम्बलम में सीवेज से बढ़ी मुसीबत, बदबू और मच्छरों का खतरा

Update: 2026-07-14 09:28 GMT

कल्लम्बलम : कल्लम्बलम शहर के बीचों-बीच कचरे और सीवेज के जमा होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लंबे समय से जमा गंदगी के कारण इलाके में दुर्गंध फैल रही है और मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर के प्रमुख हिस्से में इस तरह की स्थिति से लोगों के स्वास्थ्य पर खतरा मंडरा रहा है।

जानकारी के अनुसार, कल्लम्बलम क्षेत्र में एक स्थान पर बड़ी मात्रा में कचरा और सीवेज जमा हो गया है। होटल समेत आसपास के प्रतिष्ठानों से निकलने वाला गंदा पानी और कचरा उचित निकासी व्यवस्था नहीं होने के कारण वहीं रुक गया है। इससे वहां गंदे पानी का तालाब बन गया है, जिससे लगातार बदबू फैल रही है।

स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह स्थिति काफी समय से बनी हुई है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। बारिश के मौसम में हालात और खराब हो गए हैं। नालियों में पानी का बहाव रुकने से गंदा पानी आसपास के क्षेत्रों में फैलने लगा है।

यह सीवेज तालाब कल्लम्बलम की ओट्टूर ग्राम पंचायत की सीमा में आता है। यह क्षेत्र तीन ग्राम पंचायतों के मिलन बिंदु पर स्थित है, जिसके कारण प्रशासनिक स्तर पर जिम्मेदारी को लेकर भी समस्या सामने आ रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि अलग-अलग पंचायतों के बीच तालमेल की कमी के कारण सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है।

क्षेत्रवासियों के अनुसार, यहां बनी नालियां लंबे समय से जाम हैं। नालियों की नियमित सफाई नहीं होने के कारण पानी की निकासी बंद हो गई है और गंदा पानी एक ही स्थान पर जमा हो रहा है। जमा पानी में मच्छरों के पनपने से आसपास के लोगों में डेंगू, मलेरिया और अन्य जलजनित बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि शहर के बीचों-बीच ऐसी स्थिति होना चिंता का विषय है। रोजाना इस रास्ते से गुजरने वाले लोगों को बदबू और गंदगी का सामना करना पड़ता है। आसपास रहने वाले परिवारों को सबसे अधिक परेशानी हो रही है। बच्चों और बुजुर्गों के स्वास्थ्य को लेकर भी लोग चिंतित हैं।

व्यापारियों का कहना है कि मुख्य क्षेत्र में गंदगी और दुर्गंध के कारण ग्राहकों पर भी असर पड़ रहा है। शहर में आने वाले लोगों के सामने भी क्षेत्र की खराब तस्वीर सामने आ रही है। उन्होंने प्रशासन से जल्द सफाई अभियान चलाने और सीवेज निकासी की स्थायी व्यवस्था करने की मांग की है।

स्थानीय लोगों ने मांग की है कि जाम पड़ी नालियों की तत्काल सफाई कराई जाए और जमा हुए सीवेज व कचरे को हटाया जाए। इसके साथ ही भविष्य में ऐसी समस्या दोबारा न हो, इसके लिए बेहतर ड्रेनेज सिस्टम तैयार किया जाए।

विशेषज्ञों का मानना है कि बारिश के मौसम में जलभराव और गंदगी की समस्या गंभीर स्वास्थ्य संकट पैदा कर सकती है। यदि समय रहते सफाई और जल निकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ सकता है।

लोगों का कहना है कि पंचायत और नगर प्रशासन को आपसी समन्वय बनाकर इस समस्या का समाधान निकालना चाहिए। तीन पंचायतों की सीमा से जुड़े इस क्षेत्र में किसी एक एजेंसी को जिम्मेदारी देकर नियमित निगरानी की व्यवस्था की जानी चाहिए।

फिलहाल कल्लम्बलम के बीचों-बीच बने इस सीवेज तालाब ने स्थानीय प्रशासन की सफाई व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग जल्द कार्रवाई करेगा और उन्हें इस समस्या से राहत मिलेगी।

Tags:    

Similar News