Srinagar श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर की राजनीति के वरिष्ठ नेता और नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख नेताओं में शामिल डॉ. मुस्तफा कमाल को मंगलवार को श्रीनगर में नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। उनके निधन के बाद आयोजित नमाज़-ए-जनाज़ा में जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. फारूक अब्दुल्ला सहित बड़ी संख्या में राजनीतिक नेताओं, कार्यकर्ताओं और आम लोगों ने भाग लिया।
डॉ. मुस्तफा कमाल का श्रीनगर स्थित पारस अस्पताल में उपचार के दौरान निधन हो गया था। उनके निधन की खबर से राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई। जनाज़े में शामिल लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके सार्वजनिक जीवन और राजनीतिक योगदान को याद किया।
डॉ. मुस्तफा कमाल, नेशनल कॉन्फ्रेंस के वरिष्ठ नेता होने के साथ-साथ पूर्व मुख्यमंत्री और पार्टी अध्यक्ष डॉ. फारूक अब्दुल्ला के भाई भी थे। उन्होंने लंबे समय तक जम्मू-कश्मीर की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाई और पार्टी संगठन को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
नमाज़-ए-जनाज़ा के दौरान उमर अब्दुल्ला और फारूक अब्दुल्ला ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। इस मौके पर विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी अपनी श्रद्धांजलि दी।
डॉ. मुस्तफा कमाल के निधन को जम्मू-कश्मीर की राजनीति के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। उनके समर्थकों और शुभचिंतकों ने उनकी आत्मा की शांति के लिए दुआ की और परिवार को इस कठिन समय में धैर्य प्रदान करने की कामना की।