Himachal Pradesh.हिमाचल प्रदेश: लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने आज शिमला (ग्रामीण) विधानसभा क्षेत्र की सबसे दूरस्थ पंचायत चनावग के हश्करधार में आयोजित किसान सम्मेलन में ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य में 2018 में शुरू की गई प्राकृतिक खेती को अब तक 2.22 लाख किसान अपना चुके हैं। उन्होंने आगे कहा कि सरकार किसानों और बागवानों को आधुनिक कृषि तकनीक अपनाने, नकदी फसलें उगाने और प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करने का प्रयास कर रही है।
मंत्री ने कहा कि सरकार किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने बताया कि किसानों को आधुनिक खेती अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने पर 5.50 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं, जिससे लगभग 35,000 किसानों को लाभ हुआ है। उन्होंने कहा, "शिमला जिले में 50 क्लस्टर कार्यरत हैं, जिनके अंतर्गत 3,734 हेक्टेयर भूमि को प्राकृतिक खेती के अंतर्गत लाया गया है। इसमें से शिमला (ग्रामीण) विधानसभा क्षेत्र में 540 हेक्टेयर भूमि को प्राकृतिक खेती के अंतर्गत लाया गया है।" उन्होंने कहा कि चनावग पंचायत के विकास के लिए लगभग 18 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।