महिला बाल विकास मंत्री लक्ष्मी रजवाड़े ने की गारमेंट्स फैक्ट्री का निरीक्षण
छग
Kondagaon. कोंडागांव। छत्तीसगढ़ की महिला बाल विकास मंत्री लक्ष्मी रजवाड़े ने शनिवार को कोंडागांव ज़िले के कोंडानार गारमेंट्स फैक्ट्री का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने फैक्ट्री के संचालन, महिला कर्मचारियों की कार्यशैली और उत्पादों की गुणवत्ता का जायजा लिया। मंत्री ने महिलाओं से बातचीत कर उनके अनुभव सुने और उनके आत्मविश्वास व कार्यकुशलता की खुले दिल से सराहना की। मंत्री लक्ष्मी रजवाड़े ने कहा कि कोंडानार की यह फैक्ट्री केवल कपड़े तैयार करने का केंद्र नहीं, बल्कि नारी सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की मिसाल बन चुकी है। यहां बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाओं को रोजगार का अवसर मिला है, जिससे वे अपने परिवार का सम्मानपूर्वक भरण-पोषण कर रही हैं।
उन्होंने कहा, "यह देखकर अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि फैक्ट्री में काम कर रही महिलाएं न केवल आर्थिक रूप से सशक्त हो रही हैं, बल्कि आत्मविश्वास से भी भरपूर हैं। यह पहल बस्तर क्षेत्र की सामाजिक और आर्थिक प्रगति की दिशा में एक प्रेरणादायी कदम है।" फैक्ट्री में कार्यरत महिलाओं ने मंत्री को बताया कि पहले उन्हें काम के लिए दूर-दराज के इलाकों में जाना पड़ता था या फिर घर में बेरोजगारी की स्थिति में रहना पड़ता था। लेकिन अब फैक्ट्री के माध्यम से गांव में ही रोजगार मिल रहा है और वे अपने बच्चों की पढ़ाई और परिवार की अन्य ज़रूरतों को आसानी से पूरा कर पा रही हैं।
इस अवसर पर फैक्ट्री के संचालकों ने बताया कि गारमेंट्स इकाई में महिलाओं को नियमित प्रशिक्षण देकर सिलाई, कटाई और अन्य तकनीकी दक्षताएं सिखाई जाती हैं, जिससे उनकी उत्पादन क्षमता और आत्मनिर्भरता दोनों में वृद्धि हो रही है। मंत्री रजवाड़े ने फैक्ट्री प्रबंधन को आश्वस्त किया कि राज्य सरकार महिलाओं के कौशल विकास और स्वरोजगार के लिए हर संभव सहयोग देगी। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिया कि ऐसी और इकाइयों को बढ़ावा देने की दिशा में ठोस पहल की जाए, ताकि आदिवासी और ग्रामीण अंचल की महिलाएं भी आर्थिक रूप से सशक्त बन सकें।