Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर में अवैध नशीली दवाओं के कारोबार के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। रायपुर कमिश्नरेट पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सिटी कोतवाली पुलिस ने मनोत्तेजक दवा नाइट्राजेपाम यानी नाइट्रोसन टैबलेट की अवैध बिक्री और परिवहन के मामले में एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी महिला के कब्जे से नाइट्रोसन की कुल 106 टैबलेट बरामद की हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 42 हजार रुपये बताई गई है। आरोपी के पास दवाओं से संबंधित कोई वैध दस्तावेज या लाइसेंस नहीं मिला।
पुलिस के अनुसार, थाना सिटी कोतवाली पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि नेहरू नगर स्थित चार नल चौक के पास एक महिला प्रतिबंधित मनोत्तेजक नाइट्रोसन टैबलेट अपने पास रखे हुए है और उसकी अवैध बिक्री अथवा परिवहन की तैयारी में है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधिकारियों ने तत्काल टीम को मौके पर रवाना किया। पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर पहुंचकर घेराबंदी की और संदिग्ध महिला को पकड़ लिया। पुलिस की पूछताछ और तलाशी के दौरान महिला के कब्जे से नाइट्रोसन टैबलेट बरामद हुई। गिनती करने पर कुल 106 टैबलेट मिलीं। पुलिस ने बरामद दवाओं को जब्त कर लिया। जब महिला से इन दवाओं के संबंध में वैध दस्तावेज, चिकित्सकीय अनुमति अथवा लाइसेंस प्रस्तुत करने के लिए कहा गया, तो वह कोई वैध दस्तावेज पेश नहीं कर सकी। इसके बाद पुलिस ने पूरी कार्रवाई नियमानुसार करते हुए दवाओं को जब्त कर महिला को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान योगिता साहू, पिता राजू साहू, उम्र 27 वर्ष, निवासी चार नल चौक के पास, नेहरू नगर, थाना सिटी कोतवाली रायपुर के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके खिलाफ थाना सिटी कोतवाली में अपराध क्रमांक 335/2026 दर्ज किया है। आरोपी के विरुद्ध धारा 22(B) NDPS Act के तहत कार्रवाई की गई है। गिरफ्तारी के बाद महिला को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस के मुताबिक, नशीली और मनोत्तेजक दवाओं का अवैध कारोबार युवाओं और समाज के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। ऐसी दवाओं का बिना चिकित्सकीय सलाह और वैध प्रक्रिया के इस्तेमाल किए जाने से इनके दुरुपयोग की आशंका रहती है। इसी वजह से पुलिस द्वारा अवैध दवा बिक्री, परिवहन और नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है।
इस कार्रवाई के जरिए पुलिस ने स्पष्ट किया है कि बिना वैध दस्तावेज के नियंत्रित या प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री और परिवहन करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस अब यह भी पता लगाने में जुट सकती है कि आरोपी महिला के पास नाइट्रोसन टैबलेट कहां से पहुंची थीं और इन्हें आगे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था। इसके साथ ही अवैध दवा कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
रायपुर कमिश्नरेट पुलिस ने अवैध नशीली दवाओं के कारोबार के खिलाफ अभियान जारी रखने की बात कही है। पुलिस का कहना है कि शहर में नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई पर प्रभावी नियंत्रण के लिए मुखबिर तंत्र, निगरानी और कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिलने पर पुलिस संबंधित स्थानों पर दबिश देकर वैधानिक कार्रवाई करेगी। इस मामले में 106 नाइट्रोसन टैबलेट की बरामदगी को पुलिस की कार्रवाई की महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। महिला आरोपी के खिलाफ दर्ज मामले की आगे की जांच में दवाओं के स्रोत और संभावित नेटवर्क से जुड़े अन्य तथ्यों का पता लगाया जाएगा।