दुर्ग में 11 मार्च को राज्य महिला आयोग की महा जनसुनवाई, 7 जिलों के 113 प्रकरण होंगे निपटाए

छग

Update: 2026-03-07 17:45 GMT
Durg. दुर्ग। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग महिलाओं को त्वरित राहत और न्याय उपलब्ध कराने के उद्देश्य से महा जनसुनवाई का आयोजन कर रहा है। दुर्ग संभाग की यह महा जनसुनवाई 11 मार्च 2026 को प्रेरणा सभाकक्ष, जिला महिला एवं बाल विकास विभाग परिसर दुर्ग में आयोजित की जाएगी। राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक के नेतृत्व में होने वाली इस विशेष जनसुनवाई में दुर्ग संभाग के सात जिलों के कुल 113 प्रकरणों की सुनवाई की जाएगी। इनमें दुर्ग, बालोद, बेमेतरा, राजनांदगांव, कबीरधाम, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी तथा खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिलों के मामले शामिल हैं।
आयोग की ओर से प्राप्त जानकारी के अनुसार, पिछले साढ़े पांच वर्षों में प्रदेश के विभिन्न जिलों में लगभग 370 जनसुनवाई आयोजित की जा चुकी हैं, जिनमें करीब 8000 से अधिक प्रकरणों का निराकरण किया गया है। इन अनुभवों को आगे बढ़ाते हुए इस बार संभाग स्तर पर महा जनसुनवाई का आयोजन किया जा रहा है। महा जनसुनवाई सुबह 10 बजे से प्रारंभ होगी। जिन आवेदकों के प्रकरण सूचीबद्ध हैं, उन्हें स्वयं उपस्थित होना अनिवार्य है। इसके अलावा, जो महिलाएं अब तक आवेदन नहीं कर पाई हैं, वे भी सुनवाई स्थल पर अपना नया आवेदन प्रस्तुत कर सकती हैं।
इस अवसर पर राज्य महिला आयोग की टीम महिलाओं की शिकायतों का विस्तारपूर्वक परीक्षण करेगी और उचित समाधान के लिए तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक ने कहा कि इस प्रकार की महा जनसुनवाई से महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होने का अवसर मिलेगा और उन्हें त्वरित न्याय उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। राज्य महिला आयोग द्वारा आयोजित यह महा जनसुनवाई विभिन्न प्रकार के प्रकरणों जैसे घरेलू हिंसा, आर्थिक शोषण, छेड़छाड़, कार्यस्थल पर उत्पीड़न, शिक्षा और स्वास्थ्य संबंधी शिकायतों सहित अन्य मामलों पर ध्यान केंद्रित करेगी। आयोग की टीम प्रत्येक प्रकरण का व्यक्तिगत रूप से मूल्यांकन कर न्याय सुनिश्चित करेगी।
आयोग की कार्यप्रणाली के अनुसार, महिला शिकायतकर्ताओं को सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण में अपनी समस्याओं को प्रस्तुत करने का पूरा अवसर मिलेगा। इससे महिलाओं का भरोसा बढ़ेगा और उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया जाएगा। आयोग ने जिले और आसपास के क्षेत्रों की सभी महिलाओं से अपील की है कि वे समय पर महा जनसुनवाई में उपस्थित हों और अपनी समस्याओं का समाधान पाएं। इसके साथ ही जो महिलाएं पहले आवेदन नहीं कर पाई हैं, वे अपने नए प्रकरणों के साथ भी महा जनसुनवाई में शामिल हो सकती हैं। छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग का यह पहल महिलाओं के सशक्तिकरण, उनके अधिकारों की सुरक्षा और समाज में लैंगिक समानता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस कार्यक्रम के सफल संचालन से यह सुनिश्चित होगा कि महिलाओं को हर स्तर पर न्याय और संरक्षण उपलब्ध कराया जा सके।
Tags:    

Similar News