Bilaspur. बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के तोरवा थाना क्षेत्र में ओवरटेक को लेकर शुरू हुआ विवाद मारपीट में बदल गया। मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही घटना में इस्तेमाल की गई फॉर्च्यूनर वाहन को भी जब्त किया गया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार घटना 23 अप्रैल 2026 की सुबह करीब 9 बजे की है। उस समय अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय में प्रभारी कुलपति के पद पर कार्यरत प्रार्थी अपने निजी वाहन से विश्वविद्यालय जा रहे थे। जब वह स्वास्तिक अस्पताल के पास पहुंचे, तभी फॉर्च्यूनर वाहन क्रमांक CG 10 AT 0017 के चालक और उसके साथी ने ओवरटेक को लेकर विवाद शुरू कर दिया।
आरोप है कि विवाद के दौरान दोनों आरोपियों ने प्रार्थी के साथ गाली-गलौज की और उसके बाद मारपीट की घटना को अंजाम दिया। घटना के बाद पीड़ित द्वारा थाना तोरवा में शिकायत दर्ज कराई गई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 351(3) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने वाहन के पंजीयन विवरण के आधार पर उसके मालिक की पहचान की। पूछताछ में सामने आया कि घटना को वाहन मालिक के साले ने अपने एक साथी के साथ मिलकर अंजाम दिया था। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ग्राम भदौरा थाना मस्तुरी निवासी 32 वर्षीय लाखन सिंह और 29 वर्षीय जयप्रकाश राठौर के रूप में की गई है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय में पेश किया है। इसके अलावा पुलिस ने घटना में प्रयुक्त फॉर्च्यूनर वाहन को भी जब्त कर लिया है, जिसका उपयोग मारपीट की घटना के दौरान किया गया था। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस प्रकार की घटनाओं को गंभीरता से लिया जा रहा है और सार्वजनिक स्थानों पर कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि सड़क पर छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद करना और उसे हिंसक रूप देना कानूनन अपराध है। ऐसे मामलों में दोषियों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। इस घटना के बाद क्षेत्र में कानून व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है। पुलिस द्वारा आसपास के लोगों से भी पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा सके।