Bijapur. बीजापुर। जिले में चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान के दौरान पुलिस और सुरक्षा बलों को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पिछले एक सप्ताह के दौरान अलग-अलग इलाकों में चलाए गए सर्च ऑपरेशन में माओवादियों द्वारा कथित तौर पर छिपाकर रखे गए BGL (बैरल ग्रेनेड लॉन्चर) के कलपुर्जे, ग्रेनेड, डेटोनेटर, वायर और अन्य विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है। कुछ विस्फोटक सामग्री को सुरक्षा कारणों से बम निरोधक दस्ते ने मौके पर ही सुरक्षित तरीके से नष्ट कर दिया।
पुलिस के अनुसार 9 सितंबर 2026 को सीआरपीएफ की 196वीं बटालियन ने FOB ताड़पाल क्षेत्र के अंतर्गत ताड़पाल पहाड़ी इलाके में सघन तलाशी अभियान चलाया। जवानों ने इलाके की बारीकी से तलाशी ली। इसी दौरान पत्थरों और जमीन के नीचे छिपाकर रखी गई संदिग्ध सामग्री का पता चला। तलाशी के दौरान मौके से 105 BGL राउंड कंपोनेंट्स और एक BGL नोज बरामद किया गया। इसके अलावा दो लोहे के पाइप, एक एल्युमिनियम का पतीला और लेथ मशीन का एक हैंडल भी मिला। सुरक्षा बलों ने बरामद सामग्री को अपने कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस के मुताबिक यह सामग्री माओवादियों द्वारा डंप करके रखी गई थी। सुरक्षा बल अब बरामद सामग्री से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रहे हैं।
इंडरीपाल के जंगल में मिले ग्रेनेड और तीर बम
इससे पहले 5 सितंबर को डीआरजी और थाना मिरतुर की संयुक्त टीम नक्सल विरोधी अभियान के तहत इंडरीपाल के जंगलों में सर्चिंग कर रही थी। अभियान के दौरान टीम को एक माओवादी डंप का पता चला। यहां से दो ग्रेनेड और पांच तीर बम बरामद किए गए। विस्फोटक सामग्री मिलने के बाद सुरक्षा के मद्देनजर क्षेत्र में आवश्यक सावधानी बरती गई। बम निरोधक दस्ते को इसकी जानकारी दी गई। बीडीएस टीम ने निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए बरामद विस्फोटकों को मौके पर ही सुरक्षित तरीके से नष्ट कर दिया। इस दौरान सुरक्षा बलों ने आसपास के क्षेत्र में भी तलाशी अभियान चलाया।
डुमरीपलनर जंगल से डेटोनेटर बरामद
नक्सल विरोधी अभियान के क्रम में 6 सितंबर को भी डीआरजी और थाना मिरतुर पुलिस की संयुक्त टीम ने डुमरीपलनर जंगल में सर्च ऑपरेशन चलाया। यहां तलाशी के दौरान सात बंडल नॉन-इलेक्ट्रिक वायर और छह डेटोनेटर बरामद किए गए। इस तरह एक सप्ताह के भीतर अलग-अलग इलाकों में हुई कार्रवाई में सुरक्षा बलों को माओवादियों द्वारा छिपाकर रखी गई विभिन्न सामग्रियों का पता लगाने में सफलता मिली है। बीजापुर के अंदरूनी और जंगल क्षेत्रों में पुलिस, डीआरजी, सीआरपीएफ और अन्य सुरक्षा बलों द्वारा लगातार नक्सल विरोधी अभियान चलाए जा रहे हैं। जवान सर्चिंग के दौरान संदिग्ध स्थानों की जांच करने के साथ माओवादी गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं।
ताड़पाल, इंडरीपाल और डुमरीपलनर के जंगलों में हुई इन कार्रवाइयों को सुरक्षा बलों के लिए महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। खासकर BGL से संबंधित बड़ी संख्या में कंपोनेंट्स की बरामदगी के बाद सुरक्षा एजेंसियां मामले से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही हैं। पुलिस के अनुसार नक्सल विरोधी अभियान आगे भी जारी रहेगा। जंगल और अंदरूनी क्षेत्रों में सुरक्षा बलों की टीमें लगातार सर्चिंग कर रही हैं, ताकि माओवादी गतिविधियों और उनके छिपाए गए डंप का पता लगाकर संभावित खतरे को समय रहते निष्क्रिय किया जा सके।