Bilaspur. बिलासपुर। रायपुर जिला बार एसोसिएशन के आगामी चुनावों पर लगी अंतरिम रोक को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने एक बार फिर बढ़ा दिया है। सोमवार को हुई सुनवाई में अदालत ने चुनाव प्रक्रिया पर लगी रोक को 15 दिन और बढ़ाने का आदेश दिया। इस मामले में महिला अधिवक्ताओं के प्रतिनिधित्व और आरक्षण व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। यह पूरा मामला रायपुर जिला न्यायालय में प्रैक्टिस करने वाली अधिवक्ता शमीम रहमान द्वारा दायर याचिका से जुड़ा है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि बार एसोसिएशन चुनाव में 18 पदों में से 9 पद केवल पुरुषों के लिए आरक्षित कर दिए गए हैं, जबकि नियमों में इस प्रकार के किसी आरक्षण का प्रावधान नहीं है। वहीं, महिलाओं के लिए मात्र 5 पद आरक्षित किए जाने को भी असंतुलित बताया गया है।
याचिकाकर्ता की ओर से यह तर्क भी दिया गया कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा योगमाया बनाम भारत संघ मामले में महिला अधिवक्ताओं के लिए 30 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया था, लेकिन रायपुर बार एसोसिएशन चुनाव में इस दिशा-निर्देश का पालन नहीं किया गया। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के एकल पीठ के न्यायाधीश नरेश कुमार चंद्रवंशी ने टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि मौजूदा आरक्षण व्यवस्था के आधार पर चुनाव कराए जाते हैं, तो यह महिला अधिवक्ताओं के अधिकारों से वंचित करने जैसा होगा। अदालत ने यह भी कहा कि पुरुषों के लिए विशेष आरक्षण का कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं होने के बावजूद 9 पद सुरक्षित रखना उचित नहीं प्रतीत होता।
इस मामले में एक अन्य याचिका अधिवक्ता अश्वनी राव द्वारा भी दायर की गई थी। उस याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने निर्देश दिया कि संबंधित पक्ष अपनी शिकायत राज्य बार काउंसिल के समक्ष प्रस्तुत करें। साथ ही बार काउंसिल को आदेश दिया गया है कि वह इस मामले पर कानून के अनुसार 7 दिनों के भीतर निर्णय ले। हाईकोर्ट के इस आदेश के बाद रायपुर बार एसोसिएशन चुनाव प्रक्रिया एक बार फिर ठप हो गई है। अब चुनाव को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है और अधिवक्ताओं के बीच भी इस मुद्दे पर चर्चा तेज हो गई है। अदालत के इस फैसले को महिला अधिवक्ताओं के प्रतिनिधित्व को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वहीं, बार एसोसिएशन चुनाव से जुड़े अन्य पदाधिकारियों को अब हाईकोर्ट के अगले आदेश का इंतजार करना होगा। मामले की अगली सुनवाई अब 15 दिन बाद होगी, जिसके बाद चुनाव प्रक्रिया पर आगे की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।