रायपुर में The Rameshwaram Cafe की फ्रेंचाइजी के नाम पर लाखों की ठगी, FIR दर्ज
गंज थाना पुलिस कर रही बड़ी कार्रवाई
Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर में नामी कैफे ब्रांड की फ्रेंचाइजी दिलाने का झांसा देकर एक कारोबारी से 56 लाख रुपये से अधिक की ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ित की शिकायत पर गंज थाना पुलिस ने अज्ञात खाताधारकों के खिलाफ धोखाधड़ी की FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, गंज क्षेत्र निवासी कारोबारी आशीष तिवारी को फोन कॉल और ऑनलाइन संपर्क के माध्यम से बैंगलुरु स्थित चर्चित कैफे ब्रांड की फ्रेंचाइजी देने का प्रस्ताव दिया गया। आरोप है कि ठगों ने खुद को कैफे के संस्थापक, हेड ऑफ डिपार्टमेंट और पब्लिक रिलेशन मैनेजर बताकर भरोसा जीतने की कोशिश की। पेशेवर तरीके से की गई बातचीत और आकर्षक ऑफर के चलते कारोबारी को यह प्रस्ताव वास्तविक प्रतीत हुआ।
शिकायत में बताया गया है कि आरोपियों ने फ्रेंचाइजी प्रोसेसिंग, ब्रांड फीस, डॉक्यूमेंटेशन और अन्य औपचारिकताओं के नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में कुल 56 लाख रुपये से अधिक की रकम जमा करवाई। रकम ट्रांसफर होने के बाद आरोपियों का व्यवहार बदल गया और संपर्क धीरे-धीरे बंद हो गया। जब कारोबारी को संदेह हुआ और उन्होंने आधिकारिक स्रोतों से जानकारी लेने का प्रयास किया, तब ठगी का खुलासा हुआ। गंज थाना प्रभारी सुनील दास ने बताया कि मामले में अज्ञात खाताधारकों के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं के तहत FIR दर्ज की गई है। पुलिस बैंक खातों, ट्रांजेक्शन डिटेल, कॉल रिकॉर्ड और डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि ठगों ने फर्जी पहचान और पदनाम का उपयोग कर सुनियोजित तरीके से वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि साइबर फ्रॉड के ऐसे मामलों में अक्सर नामी कंपनियों और ब्रांड्स का नाम लेकर लोगों को भ्रमित किया जाता है। आम नागरिकों और कारोबारियों को सलाह दी गई है कि किसी भी फ्रेंचाइजी या निवेश प्रस्ताव पर भरोसा करने से पहले कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट, सत्यापित संपर्क सूत्र और रजिस्टर्ड कार्यालय से पुष्टि अवश्य करें। इस घटना के बाद व्यापारिक समुदाय में भी चिंता का माहौल है। विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ते डिजिटल लेनदेन के दौर में ठग नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को निशाना बना रहे हैं। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि तकनीकी जांच के माध्यम से आरोपियों की पहचान कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल गंज थाना पुलिस मामले की विस्तृत विवेचना में जुटी हुई है और संबंधित बैंक खातों को लेकर आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी की जा रही हैं।