Durg. दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में निर्वाचन कार्यालय के गोदाम से मतपेटियां चोरी होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। सिटी कोतवाली दुर्ग पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मतपेटियां चोरी करने वाले युवक और चोरी का सामान खरीदने वाले कबाड़ी को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 6 मतपेटियां, घटना में इस्तेमाल ई-रिक्शा और नकदी सहित कुल 76 हजार 200 रुपये का सामान जब्त किया गया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
निर्वाचन कार्यालय के गोदाम से गायब हुई थीं 10 मतपेटियां
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना 18 अक्टूबर 2026 की है। संतराबाड़ी दुर्ग निवासी राजू सारथी (48 वर्ष) चुनाव कार्य की तैयारियों के सिलसिले में अपनी ड्यूटी पर मौजूद थे। इसी दौरान सुबह करीब 11 बजे ग्रामीण यांत्रिकी सेवा कार्यालय के चौकीदार ने उन्हें सूचना दी कि एक अज्ञात व्यक्ति कार्यालय परिसर से पेटी उठाकर ले जा रहा है। सूचना मिलते ही राजू सारथी कार्यालय से बाहर निकले, लेकिन तब तक संदिग्ध व्यक्ति मौके से गायब हो चुका था। इसके बाद उन्होंने स्थानीय निर्वाचन कार्यालय के मतपेटी गोदाम में जाकर जांच की। जांच के दौरान गोदाम से 10 मतपेटियां गायब मिलीं, जिनकी अनुमानित कीमत 10 हजार रुपये बताई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए उप जिला निर्वाचन अधिकारी की ओर से जारी पत्र के आधार पर सिटी कोतवाली दुर्ग थाने में शिकायत दर्ज कराई गई।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, शुरू की आरोपियों की तलाश
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने अपराध क्रमांक 602/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 331(2) और 305(e) में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। निर्वाचन कार्यालय जैसे महत्वपूर्ण सरकारी परिसर से मतपेटियों की चोरी को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू की। जांच के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि मिलपारा निवासी युशु यादव नामक युवक इस चोरी की घटना में शामिल हो सकता है। सूचना के आधार पर पुलिस ने संदिग्ध युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान युवक ने मतपेटियां चोरी करने की बात स्वीकार की।
ई-रिक्शा से ले गया था मतपेटियां, कबाड़ी को बेचीं
पुलिस ने आरोपी की पहचान युशु यादव (22 वर्ष), निवासी मिलपारा, दुर्ग के रूप में की है। पूछताछ के बाद आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर उसका मेमोरेंडम कथन दर्ज किया गया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने चोरी की मतपेटियों को ई-रिक्शा के माध्यम से ले जाने की जानकारी दी। उसके कब्जे से घटना में इस्तेमाल ई-रिक्शा क्रमांक CG 07 CR 0648 जब्त किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत 70 हजार रुपये है। इसके अलावा आरोपी के पास से 200 रुपये नकद भी बरामद किए गए। पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि चोरी की गई मतपेटियों को उसने गयानगर स्थित एक कबाड़ी दुकान में बेच दिया था।
कबाड़ी दुकान में मिलीं चोरी की 6 मतपेटियां
आरोपी युशु यादव के बयान के आधार पर पुलिस ने गयानगर निवासी देवानंद सोनी (65 वर्ष) को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, देवानंद सोनी ने चोरी की मतपेटियां खरीदने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने उसकी कबाड़ी दुकान से 6 मतपेटियां बरामद कीं, जिनकी अनुमानित कीमत 6 हजार रुपये बताई गई है। चोरी का सामान खरीदने के मामले में पुलिस ने देवानंद सोनी को भी गिरफ्तार कर लिया। हालांकि, गोदाम से कुल 10 मतपेटियां चोरी हुई थीं, जिनमें से अभी तक 6 मतपेटियां ही बरामद होने की जानकारी सामने आई है। शेष चार मतपेटियों की बरामदगी के संबंध में पुलिस की ओर से कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है।
76 हजार 200 रुपये का सामान जब्त
पुलिस ने दोनों आरोपियों से कुल 76 हजार 200 रुपये का सामान जब्त किया है। इसमें 6 मतपेटियां, 70 हजार रुपये कीमत का ई-रिक्शा और 200 रुपये नकद शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, मामले में पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद दोनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। सिटी कोतवाली दुर्ग पुलिस टीम ने मामले में कार्रवाई करते हुए चोरी के आरोपी और चोरी का सामान खरीदने वाले कबाड़ी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। निर्वाचन कार्यालय के गोदाम से मतपेटियों की चोरी ने सरकारी संपत्ति की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।