Udaipur. उदयपुर। सरगुजा जिले के उदयपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत साल्ही में शनिवार को आकाशीय बिजली गिरने से बड़ा हादसा हो गया। तेज गर्जना और बारिश के बीच गिरी बिजली की चपेट में आने से 12 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई। मृत मवेशियों में तीन बैल और नौ गाय शामिल हैं। इस घटना के बाद प्रभावित पशुपालकों के सामने आर्थिक संकट की स्थिति पैदा हो गई है। जानकारी के अनुसार शनिवार को अचानक क्षेत्र में मौसम ने करवट बदली। आसमान में बादल छा गए और तेज गर्जना के साथ बारिश शुरू हो गई। इसी दौरान ग्राम साल्ही के बैगापारा क्षेत्र में चर रहे मवेशी आकाशीय बिजली की चपेट में आ गए। बिजली गिरने से मौके पर मौजूद 12 मवेशियों ने कुछ ही देर में दम तोड़ दिया।
ग्रामीणों के अनुसार घटना के समय मवेशी खुले स्थान पर चर रहे थे। अचानक गिरी आकाशीय बिजली से किसी को संभलने का मौका नहीं मिला। बिजली का प्रभाव इतना तेज था कि तीन बैल और नौ गायों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मृत मवेशियों को देखकर पशुपालकों में चिंता और दुख का माहौल फैल गया। ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना स्थानीय प्रशासन, राजस्व विभाग और पशुपालन विभाग को दी। सूचना मिलने के बाद संबंधित विभागों की टीम ने घटना की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है। प्रशासन द्वारा नुकसान का आकलन किया जा रहा है और प्रभावित पशुपालकों को नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
पशुपालकों का कहना है कि मवेशी उनकी आजीविका का मुख्य आधार हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में किसान खेती के साथ-साथ पशुपालन पर भी निर्भर रहते हैं। ऐसे में एक साथ इतने मवेशियों की मौत से उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति पर बड़ा असर पड़ा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित परिवारों को जल्द से जल्द आर्थिक सहायता और मुआवजा दिया जाए। ग्रामीणों ने बताया कि बैल खेती-किसानी के काम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, जबकि गाय भी ग्रामीण परिवारों के लिए आर्थिक सहारा होती हैं। अचानक हुई इस घटना से पशुपालकों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। उन्होंने शासन से उचित राहत राशि उपलब्ध कराने की मांग की है ताकि परिवारों को इस संकट से उबरने में मदद मिल सके।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार घटना की जांच और नुकसान का आकलन किया जा रहा है। राजस्व विभाग की टीम द्वारा मौके का निरीक्षण कर पंचनामा तैयार किया जाएगा। इसके बाद शासन के निर्धारित नियमों के अनुसार सहायता राशि देने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। बारिश के मौसम में आकाशीय बिजली गिरने की घटनाएं लगातार सामने आती रहती हैं। प्रशासन द्वारा लोगों से अपील की जाती है कि खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के पास जाने से बचें। खासतौर पर ग्रामीण क्षेत्रों में पशुओं को सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी जाती है। साल्ही गांव में हुई इस घटना के बाद प्रभावित परिवार प्रशासन से जल्द राहत की उम्मीद लगाए बैठे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि प्राकृतिक आपदा से हुए इस नुकसान की भरपाई के लिए शासन को तत्काल कदम उठाने चाहिए। फिलहाल प्रशासन की टीम नुकसान का आकलन करने में जुटी हुई है और आगे की कार्रवाई रिपोर्ट के आधार पर की जाएगी।