तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बाइक को मारी टक्कर पति पत्नी और साली समेत तीन की मौत
सुपौल। बिहार के सुपौल जिले में शनिवार देर शाम दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। वीरपुर थाना क्षेत्र के हृदयनगर पंचायत स्थित एक पेट्रोल पंप के पास तेज रफ्तार अनियंत्रित ट्रैक्टर ने बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में बाइक पर सवार एक युवक उसकी पत्नी और साली की मौत हो गई। एक ही परिवार के तीन लोगों की असमय मौत से परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे इलाके में मातम का माहौल है।
मृतकों की पहचान दिनबंधी पंचायत के कटैया 22 आरडी वार्ड संख्या दो निवासी 26 वर्षीय अरविंद ऋषिदेव उनकी 22 वर्षीय पत्नी श्रुति देवी और उनकी साली मूर्ति देवी के रूप में हुई है। हादसे की जानकारी मिलने के बाद मृतकों के परिवार और गांव के लोग स्तब्ध रह गए। जिस घर में कुछ समय पहले तक सामान्य माहौल था वहां एक साथ तीन मौतों की खबर पहुंचते ही चीख-पुकार मच गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार अरविंद ऋषिदेव अपनी पत्नी श्रुति देवी और साली मूर्ति देवी के साथ छातापुर प्रखंड के हरिपुर स्थित एक रिश्तेदार के घर गए थे। वहां से तीनों एक ही बाइक पर सवार होकर वापस लौट रहे थे। इसी दौरान हृदयनगर पंचायत स्थित पेट्रोल पंप के पास उनकी बाइक को तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने टक्कर मार दी।
बताया जा रहा है कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उस पर सवार तीनों लोग सड़क पर गिर गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोग मौके की ओर दौड़े और दुर्घटना की सूचना संबंधित अधिकारियों तथा मृतकों के परिजनों को दी। हालांकि तीनों की जान नहीं बचाई जा सकी।
दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। एक ही बाइक पर सवार परिवार के तीन सदस्यों की मौत की जानकारी मिलते ही आसपास के गांवों में भी शोक की लहर फैल गई। हादसे की भयावहता को देखकर प्रत्यक्षदर्शी भी सहम गए। स्थानीय लोगों ने सड़क पर तेज रफ्तार से चलने वाले भारी वाहनों को लेकर चिंता जाहिर की।
अरविंद ऋषिदेव और उनकी पत्नी श्रुति देवी की मौत से उनका परिवार उजड़ गया। वहीं मूर्ति देवी की मृत्यु से उनके मायके और ससुराल पक्ष में भी गहरा शोक है। तीनों रिश्तेदार के घर से लौट रहे थे लेकिन रास्ते में हुए हादसे ने परिवार की खुशियां छीन लीं। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और उन्हें संभालना आसपास के लोगों के लिए मुश्किल हो रहा है।
घटना के बाद ट्रैक्टर चालक की स्थिति के संबंध में स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। हादसे के तुरंत बाद चालक मौके पर मौजूद था या वहां से फरार हो गया इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। वाहन की रफ्तार कितनी थी और दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई इन तथ्यों का पता विस्तृत जांच के बाद ही चल सकेगा।
हादसे की सूचना मिलने के बाद वीरपुर थाना क्षेत्र की पुलिस के मौके पर पहुंचने और आवश्यक प्रक्रिया शुरू करने की बात सामने आई है। दुर्घटना में शामिल वाहनों की स्थिति घटनास्थल के निशान और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान मामले को समझने में महत्वपूर्ण होंगे। पुलिस ट्रैक्टर के पंजीकरण नंबर और उसके मालिक से जुड़ी जानकारी के आधार पर चालक की पहचान कर सकती है।
स्थानीय लोगों के अनुसार इस मार्ग पर वाहनों की आवाजाही लगातार बनी रहती है। कई बार भारी वाहन तेज गति से गुजरते हैं जिससे बाइक सवारों और पैदल चलने वालों के लिए जोखिम पैदा होता है। शाम और रात के समय कम रोशनी के कारण खतरा और बढ़ जाता है। दुर्घटना के बाद ग्रामीणों ने संवेदनशील स्थानों पर संकेतक लगाने पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था करने और वाहनों की गति नियंत्रित कराने की जरूरत बताई है।
यह भी जांच का विषय है कि हादसे के समय सड़क की स्थिति कैसी थी और दोनों वाहन किस दिशा से आ रहे थे। दुर्घटना का वास्तविक कारण ट्रैक्टर की अनियंत्रित गति थी या इसके पीछे कोई अन्य परिस्थिति थी इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद होगी। प्रत्यक्षदर्शियों के बयान से हादसे का घटनाक्रम स्पष्ट होने की उम्मीद है।
एक बाइक पर तीन लोगों के सफर ने भी सड़क सुरक्षा को लेकर चर्चा बढ़ा दी है। दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनना निर्धारित संख्या से अधिक लोगों को नहीं बैठाना और गति सीमा का पालन करना बेहद जरूरी है। इसी तरह ट्रैक्टर एवं अन्य भारी वाहनों के चालकों को भी आवासीय क्षेत्र पेट्रोल पंप और भीड़भाड़ वाले स्थानों के पास विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
ग्रामीण इलाकों में ट्रैक्टर का उपयोग खेती के साथ सामान ढोने के लिए बड़े स्तर पर किया जाता है। कई बार अनुभवहीन चालक या तेज रफ्तार बड़ी दुर्घटनाओं का कारण बन जाती है। ऐसे वाहनों की नियमित जांच वैध दस्तावेज प्रशिक्षित चालक और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित करना आवश्यक है। स्थानीय प्रशासन को भी मुख्य और संपर्क मार्गों पर निगरानी बढ़ाने की जरूरत है।
इस हादसे ने एक बार फिर साबित किया है कि सड़क पर कुछ पल की लापरवाही कई परिवारों को जीवनभर का दर्द दे सकती है। वाहन चालकों को गति पर नियंत्रण रखने सामने से आने वाले वाहनों पर ध्यान देने और आबादी वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने की जरूरत है। दोपहिया चालकों के लिए भी हेलमेट एवं अन्य सुरक्षा नियमों का पालन जीवन बचाने में महत्वपूर्ण हो सकता है।
फिलहाल एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत के बाद कटैया 22 आरडी गांव में शोक का माहौल है। रिश्तेदार और ग्रामीण पीड़ित परिवार को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं। परिवार ने एक साथ अपने तीन सदस्यों को खो दिया है जिसकी भरपाई संभव नहीं है। स्थानीय लोगों को अब दुर्घटना की विस्तृत जांच और जिम्मेदार व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई का इंतजार है।