पटना। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) बिहार में एक महीने तक विशेष अभियान चलाने जा रही है। पार्टी की ओर से 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक ‘सेवा माह’ के रूप में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
इस अभियान के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लंबे सार्वजनिक जीवन में सेवा, सुशासन, जनकल्याण और राष्ट्रनिर्माण के कार्यों को जनता तक पहुंचाने की योजना बनाई गई है। भाजपा का लक्ष्य इस दौरान अधिक से अधिक लोगों को कार्यक्रमों से जोड़ना और जनभागीदारी को बढ़ावा देना है।
सेवा और जनकल्याण पर केंद्रित होंगे कार्यक्रम
भाजपा बिहार की ओर से आयोजित होने वाले ‘सेवा माह’ अभियान में समाजसेवा से जुड़े कई कार्यक्रम शामिल किए जाएंगे।
पार्टी नेताओं के अनुसार, अभियान के दौरान जरूरतमंदों की सहायता, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जागरूकता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा सकते हैं।
इन कार्यक्रमों के जरिए प्रधानमंत्री मोदी के सार्वजनिक जीवन के उन कार्यों को रेखांकित किया जाएगा, जिनमें सरकार की योजनाओं और जनहित से जुड़े फैसलों को प्रमुखता दी गई है।
25 वर्षों के सफर को जनता तक पहुंचाने की तैयारी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में सार्वजनिक जीवन की शुरुआत की थी।
इसके बाद उन्होंने गुजरात के मुख्यमंत्री और फिर देश के प्रधानमंत्री के रूप में लंबी राजनीतिक यात्रा तय की।
भाजपा इस अभियान के माध्यम से उनके 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन में प्रशासनिक अनुभव, विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यों को लोगों के बीच रखने की तैयारी कर रही है।
बिहार में व्यापक स्तर पर होंगे आयोजन
भाजपा बिहार इकाई ने इस अभियान को सफल बनाने के लिए संगठन स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं।
पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं को कार्यक्रमों की जिम्मेदारी दी जाएगी ताकि अभियान को बूथ स्तर तक पहुंचाया जा सके।
भाजपा का प्रयास रहेगा कि शहरों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।
जनभागीदारी बढ़ाने पर जोर
‘सेवा माह’ अभियान का एक प्रमुख उद्देश्य आम लोगों को सीधे कार्यक्रमों से जोड़ना है।
भाजपा का मानना है कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंचा है और इस अभियान के जरिए जनता से संवाद बढ़ाया जाएगा।
पार्टी कार्यकर्ता विभिन्न क्षेत्रों में जाकर लोगों से संपर्क करेंगे और सरकार की उपलब्धियों की जानकारी साझा करेंगे।
राष्ट्रनिर्माण के संदेश पर रहेगा फोकस
भाजपा ने इस अभियान को केवल राजनीतिक कार्यक्रम तक सीमित न रखते हुए सेवा और राष्ट्रनिर्माण से जोड़ने की योजना बनाई है।
पार्टी नेताओं का कहना है कि प्रधानमंत्री मोदी का सार्वजनिक जीवन सेवा भावना और राष्ट्रहित को प्राथमिकता देने पर केंद्रित रहा है।
इसी संदेश को जनता तक पहुंचाने के लिए पूरे महीने अलग-अलग गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
संगठन को सक्रिय करने की तैयारी
अभियान के जरिए भाजपा अपने संगठन को भी सक्रिय करने की तैयारी में है।
कार्यकर्ताओं को जनता के बीच जाकर सेवा कार्यों में भाग लेने और स्थानीय स्तर पर कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए जाएंगे।
इस दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेता भी विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल हो सकते हैं।
राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण अभियान
बिहार में भाजपा का यह अभियान राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
राज्य में आने वाले समय में राजनीतिक गतिविधियां तेज होने वाली हैं। ऐसे में पार्टी प्रधानमंत्री मोदी के नाम और उनकी सरकार के कामों को जनता तक पहुंचाने की रणनीति पर काम कर रही है।
हालांकि, भाजपा इसे सेवा और जनकल्याण से जुड़ा अभियान बता रही है।
एक महीने तक चलेगा अभियान
17 सितंबर से शुरू होने वाला यह अभियान 17 अक्टूबर तक चलेगा।
इस दौरान राज्यभर में अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
भाजपा की कोशिश है कि अभियान के माध्यम से बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंच बनाई जाए और प्रधानमंत्री मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों की यात्रा को जनता के सामने रखा जाए।
‘सेवा माह’ अभियान के जरिए बिहार भाजपा सेवा, समर्पण और राष्ट्रनिर्माण के संदेश को आगे बढ़ाने की तैयारी में जुट गई है।