Bihar Crime: अररिया में साइबर अपराध के खिलाफ बिहार पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। साइबर थाना अररिया और महलगांव थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में वाई-फाई राउटर और फिंगर स्कैनिंग डिवाइस के जरिए बैंक खातों से अवैध निकासी करने वाले 5 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई 07 जनवरी 2026 को गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिसमें साइबर ठगी के एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश हुआ।
गुप्त सूचना पर किशनपुर में छापेमारी, घर के पिछले कमरे से पकड़े गए ठग
साइबर थाना अररिया को सूचना मिली थी कि महलगांव थाना क्षेत्र के ग्राम किशनपुर (वार्ड संख्या-06) में विनोद मंडल के घर कुछ लोग साइबर ठगी को अंजाम दे रहे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपाधीक्षक सह थानाध्यक्ष साइबर थाना के नेतृत्व में विशेष छापामारी दल गठित किया गया।जब पुलिस टीम ने विनोद मंडल के घर पर विधिवत छापेमारी की, तो घर के पिछले कमरे में 6 लोग लैपटॉप, मोबाइल और फिंगर स्कैनिंग डिवाइस के साथ संदिग्ध हालत में पाए गए। पुलिस को देखते ही सभी भागने लगे, लेकिन 5 आरोपियों को मौके पर दबोच लिया गया, जबकि एक फरार हो गया।
गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वे— जियो वाई-फाई राउटर के माध्यम से लैपटॉप और टैबलेट से लोगों का डाटा हासिल करते थे। फिंगर स्कैनिंग डिवाइस का इस्तेमाल कर आम लोगों के बैंक खातों से अवैध रूप से पैसे निकालते थे।पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर थाना लाया और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी।छापेमारी के दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में साइबर ठगी से जुड़े उपकरण बरामद किए— 14 मोबाइल फोन, 2 फिंगर स्कैनिंग डिवाइस, एक लैपटॉप, एक टैबलेट, एक जियो वाई-फाई राउटर, चार मोटरसाइकिल और दो कार बरामद किये।
साइबर अपराध पर अररिया पुलिस की सख्ती
अररिया पुलिस ने स्पष्ट किया है कि साइबर ठगी करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जा रही है। आम जनता से भी अपील की गई है कि वे अपने बैंक और डिजिटल डाटा को सुरक्षित रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।