Bihar बिहार: समस्तीपुर के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के जितवारपुर हकीमाबाद पंचायत में बुधवार की देर रात अगलगी की घटना में एक बुजुर्ग दंपती की जलकर मौत हो गई. मृतकों की पहचान लखन सहनी (70) और उनकी पत्नी पूर्णी देवी (65) के रूप में हुई. घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया. आसपास के लोगों की भीड़ जमा हो गई. इधर, सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. वहीं, मृतक दंपती के बेटे तेजू सहनी ने इस घटना को महज हादसा नहीं, बल्कि सोची-समझी साजिश बताया है|
तेजू सहनी के मुताबिक उनके पिता राजमिस्त्री का काम करते थे और सड़क किनारे अलग मकान में रहते थे. रात करीब 1:40 बजे अचानक शोर मचा कि उनके पिता के घर में आग लग गई है. स्थानीय लोगों ने आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग की लपटें इतनी तेज थीं कि कोई अंदर नहीं जा सका. दमकल विभाग को सूचना दी गई और टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया. लेकिन, तब तक बहुत देर हो चुकी थी। जब आग पर काबू पाया गया और शवों को घर के अंदर से बाहर निकाला गया तो लखन सहनी के हाथ में खंती (लोहे का औजार) मिला। इससे पता चलता है कि उसने दरवाजा तोड़कर बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सका। तेजू सहनी ने कहा कि आशंका है कि किसी ने साजिश कर यह अपराध किया है।
जबकि पिता की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। फिर भी यह अपराध किसने किया? यह जांच का विषय है। पंचायत के मुखिया सुनील कुमार ने कहा कि उन्हें भी रात 1:40 बजे घटना की जानकारी दी गई। उन्होंने ग्रामीणों के साथ आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। लेकिन, सफल नहीं हुए। बाद में फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया। मुखिया ने यह भी आशंका जताई कि कहीं साजिश के तहत यह घटना तो नहीं हुई। मुखिया ने दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।