सरली–लाडा सड़क परियोजना में बड़ी कार्रवाई: अरुणाचल सरकार ने लापरवाह अधिकारियों को किया निलंबित
Arunachal Pradesh अरुणाचल प्रदेश: सरली–लाडा सड़क परियोजना में अनियमितताओं और लापरवाही को लेकर अरुणाचल प्रदेश सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है। राज्य के गृह मंत्री मामा नाटुंग ने इस मामले में बड़ा बयान देते हुए कहा है कि परियोजना से जुड़े जिन अधिकारियों पर कार्रवाई बनती थी, उन्हें सरकार ने निलंबित कर दिया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि सरकार किसी भी स्तर पर लापरवाही या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं करेगी।
गृह मंत्री मामा नाटुंग ने कहा कि सरली–लाडा सड़क परियोजना राज्य के दूरदराज और संवेदनशील क्षेत्रों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यह सड़क न केवल स्थानीय लोगों की आवाजाही को आसान बनाती है, बल्कि सुरक्षा, स्वास्थ्य और विकास के लिहाज से भी अहम भूमिका निभाती है। ऐसे में यदि इस परियोजना में किसी भी तरह की अनियमितता सामने आती है, तो उस पर सख्त कार्रवाई तय है।
उन्होंने बताया कि सरकार को परियोजना के क्रियान्वयन में गंभीर खामियों और देरी की शिकायतें मिली थीं। इसके बाद उच्चस्तरीय समीक्षा और जांच कराई गई। जांच में जिन अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध पाई गई या जिन्होंने अपने कर्तव्यों का ठीक से निर्वहन नहीं किया, उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
मामा नाटुंग ने यह भी स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई केवल औपचारिकता नहीं है, बल्कि इससे एक सख्त संदेश दिया गया है कि सरकारी परियोजनाओं में लापरवाही करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि चाहे अधिकारी कितना भी वरिष्ठ क्यों न हो, यदि वह जनता के हितों के साथ खिलवाड़ करेगा, तो उस पर कार्रवाई निश्चित है।
गृह मंत्री ने आगे कहा कि सरली–लाडा सड़क परियोजना को तय समयसीमा में और गुणवत्ता के साथ पूरा करना सरकार की प्राथमिकता है। निलंबन के बाद नए अधिकारियों की तैनाती की जा रही है, ताकि काम में तेजी लाई जा सके और स्थानीय लोगों को जल्द से जल्द इसका लाभ मिल सके।
उन्होंने जनता को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार पारदर्शिता और जवाबदेही के सिद्धांत पर काम कर रही है। विकास कार्यों में किसी भी तरह की कोताही राज्य के विकास को प्रभावित करती है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मामा नाटुंग ने कहा कि भविष्य में भी यदि किसी परियोजना में गड़बड़ी पाई जाती है, तो सरकार बिना किसी दबाव के सख्त कदम उठाएगी। यह कार्रवाई अरुणाचल प्रदेश में जवाबदेह शासन और सुशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।