लाइफ स्टाइल : कटहल की सब्जी का स्वाद कई लोगों को बेहद पसंद आता है, लेकिन इसे सही तरीके से बनाना थोड़ा मुश्किल माना जाता है। कई बार कटहल पूरी तरह नहीं पकता, तो कभी मसालों का स्वाद इसके अंदर तक नहीं पहुंच पाता। अगर आप साधारण कटहल की सब्जी से कुछ अलग बनाना चाहते हैं तो मसालेदार कटहल कोरमा की यह रेसिपी आजमा सकते हैं। दही, तले हुए प्याज और खुशबूदार साबुत मसालों से तैयार यह व्यंजन स्वाद में समृद्ध और दिखने में बेहद आकर्षक होता है। इसे तवा रोटी, तंदूरी रोटी, नान या पराठे के साथ परोसा जा सकता है।
आवश्यक सामग्री
कटहल कोरमा बनाने के लिए 500 ग्राम कच्चा कटहल मध्यम आकार के टुकड़ों में काट लें। इसके अलावा चार बड़े चम्मच सरसों का तेल, चार पतले कटे प्याज, 300 से 400 ग्राम फेंटा हुआ ताजा दही, दो बड़े चम्मच अदरक-लहसुन का पेस्ट और दो हरी मिर्च की आवश्यकता होगी।
मसाले के लिए एक छोटा चम्मच धनिया पाउडर, एक छोटा चम्मच कश्मीरी लाल मिर्च पाउडर, आधा छोटा चम्मच हल्दी, आधा छोटा चम्मच जीरा पाउडर, आधा छोटा चम्मच गरम मसाला, एक छोटा चम्मच कसूरी मेथी और स्वादानुसार नमक लें। खुशबू बढ़ाने के लिए आधा छोटा चम्मच गुलाब जल और आधा छोटा चम्मच केवड़ा जल भी इस्तेमाल किया जाएगा। ग्रेवी का गाढ़ापन ठीक करने के लिए जरूरत के अनुसार पानी रखें। गार्निशिंग के लिए ताजा हरा धनिया और अदरक के पतले लच्छे लें।
कोरमा मसाला कैसे तैयार करें
खुशबूदार कोरमा मसाला बनाने के लिए एक बड़ी इलायची, तीन हरी इलायची, दो से तीन टुकड़े जावित्री, जायफल का एक छोटा टुकड़ा, आधा चक्र फूल, दालचीनी का छोटा टुकड़ा, आठ से दस काली मिर्च, तीन से चार लौंग, एक छोटा चम्मच जीरा और आधा छोटा चम्मच सौंफ लें।
इसमें एक बड़ा चम्मच सूखी गुलाब की पंखुड़ियां और आधा तेजपत्ता मिलाएं। सभी मसालों को धीमी आंच पर कुछ सेकंड तक हल्का भून सकते हैं। ठंडा होने के बाद इन्हें मिक्सर में डालकर बारीक पीस लें। मसालों को ज्यादा भूनने से बचें, वरना उनका स्वाद कड़वा हो सकता है।
कटहल कोरमा बनाने की विधि
सबसे पहले कटहल को अच्छी तरह धोकर उसका अतिरिक्त पानी सुखा लें। कड़ाही में सरसों का तेल गर्म करें और कटहल के टुकड़ों को मध्यम आंच पर हल्का सुनहरा होने तक तलें। कटहल को बहुत ज्यादा कुरकुरा नहीं करना है। सुनहरा होने पर टुकड़ों को तेल से निकालकर अलग रख दें।
अब उसी कड़ाही में पतले कटे प्याज डालकर गहरा सुनहरा और कुरकुरा होने तक तलें। प्याज को निकालकर ठंडा करें और हाथ या मिक्सर की सहायता से हल्का दरदरा कर लें। यही तला प्याज कोरमे की ग्रेवी को गाढ़ापन और हल्की मिठास देगा।
बचे हुए सरसों के तेल को दोबारा गर्म करें। तेल से धुआं निकलने लगे तो गैस धीमी कर दें और इसे थोड़ा ठंडा होने दें। अब फेंटे हुए दही को थोड़ा-थोड़ा डालते हुए लगातार चलाएं। दही कमरे के तापमान पर होना चाहिए, इससे उसके फटने की आशंका कम रहती है।
दही में अदरक-लहसुन का पेस्ट, धनिया पाउडर, कश्मीरी लाल मिर्च, हल्दी, जीरा पाउडर और नमक डालें। इसके बाद क्रश किए हुए तले प्याज, कसूरी मेथी और तैयार कोरमा मसाला मिलाएं। मिश्रण को धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए तब तक पकाएं, जब तक मसाला तेल न छोड़ने लगे।
अब तला हुआ कटहल डालकर तीन से चार मिनट तक मसालों के साथ भूनें। ग्रेवी के अनुसार थोड़ा गर्म पानी डालकर अच्छी तरह मिलाएं। इसमें हरी मिर्च डालें और कड़ाही को ढककर धीमी आंच पर करीब 15 मिनट पकाएं। धीमी आंच बनाए रखने के लिए कड़ाही के नीचे भारी तवा रखा जा सकता है।
अंत में गरम मसाला, गुलाब जल और केवड़ा जल डालकर मिलाएं। ऊपर से हरा धनिया और अदरक के लच्छे डालें। गर्मागर्म कटहल कोरमा तंदूरी रोटी, नान, पराठे या जीरा राइस के साथ परोसें।