Bilaspur. बिलासपुर। शहर में मॉडिफाइड साइलेंसर के बढ़ते दुरुपयोग को लेकर बिलासपुर यातायात पुलिस ने 10 जनवरी 2026 को बड़े पैमाने पर कार्रवाई की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के दिशा-निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात रामगोपाल करियारे के पर्यवेक्षण में औचक निरीक्षण किया गया, जिसमें अवैध रूप से मॉडिफाइड साइलेंसर बेचने और लगाने वाले सभी स्टालों व वाहनों की जांच की गई। जांच के दौरान टीम ने उन स्थानों पर कार्रवाई की, जहाँ वाहन चालकों ने अपने वाहनों में मॉडिफाइड साइलेंसर लगाकर तेज आवाज उत्पन्न की, जिससे आम नागरिकों में डर का माहौल बन रहा था और यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। ऐसे वाहनों से मॉडिफाइड साइलेंसर तुरंत हटवाकर उनके स्थान पर मानक स्तर के साइलेंसर लगवाए गए।
यातायात पुलिस ने बताया कि नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर लगातार कार्रवाई जारी रहेगी। उल्लंघन करने वालों से शपथ पत्र भरवाकर ही वाहन उन्हें सुपुर्द किए जा रहे हैं। साथ ही, जिन युवा वाहन चालकों ने साइलेंसर का उपयोग किया, उनके माता-पिता और अभिभावकों को यातायात कार्यालय बुलाकर समझाइश दी गई और वाहन चलाते समय खतरनाक हरकतें न करने की सख्त चेतावनी दी गई। इस कार्रवाई में वाहन चालकों के अभिभावकों को तेज गति, लापरवाही और स्टंट वाहन चलाने के गंभीर परिणामों के बारे में भी जानकारी दी गई। साथ ही शहर के सभी मोटर गैरेज और ऑटो पार्ट्स विक्रेताओं को चेतावनी दी गई कि भविष्य में यदि अमानक मॉडिफाइड साइलेंसर बेचे गए, तो उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। यातायात पुलिस ने बताया कि ऐसे विक्रेताओं की दुकानों को नगर निगम के माध्यम से ब्लैकलिस्ट किए जाने हेतु रिपोर्ट भेजी जाएगी। ताकि शहर में अमानक साइलेंसर की बिक्री पूरी तरह रोकी जा सके।
पुलिस का कहना है कि इस प्रकार की गतिविधियां शहर के सुगम और सुरक्षित यातायात में बाधा डालती हैं। विदित हो कि बिलासपुर यातायात पुलिस द्वारा लगातार शराब एवं नशे की हालत में वाहन चलाने, तेज गति, मोबाइल का उपयोग, गलत दिशा में वाहन चलाने और अन्य गंभीर यातायात उल्लंघनों पर सख्त कार्रवाई की जा रही है। इन मामलों में वाहन चालकों के लाइसेंस निलंबित किए जा रहे हैं और वाहनों को ब्लैकलिस्ट करने के लिए आरटीओ विभाग को प्रतिवेदन भेजा जा रहा है। इस अभियान के दौरान डीएसपी शिवचरण परिहार, निरीक्षक सईद अख्तर, उप निरीक्षक पी.आर. मंडावी, सहायक उप निरीक्षक वीरेंद्र नेताम सहित यातायात पुलिस और संबंधित थानों के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे। टीम ने सुनिश्चित किया कि सभी निरीक्षण और कार्रवाई विधिवत रूप से दर्ज की जाए और भविष्य में भी इस तरह की गतिविधियों पर निगरानी रखी जाएगी। यातायात पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर वे किसी भी तरह के अवैध मॉडिफाइड साइलेंसर की बिक्री या प्रयोग की जानकारी पाते हैं, तो तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन को सूचित करें। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई से न केवल शहर का यातायात सुरक्षित रहेगा, बल्कि नागरिकों की शांति और सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।