शाहज़ाद भट्टी नेटवर्क को UAPA के तहत आतंकवादी संगठन घोषित, गृह मंत्रालय ने जारी की अधिसूचना
नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) ने बुधवार को ‘शाहज़ाद भट्टी नेटवर्क’ (SBN) को गैर-कानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम यानी UAPA के तहत आतंकवादी संगठन घोषित कर दिया है। मंत्रालय ने संगठन की कथित गतिविधियों को देखते हुए यह कदम उठाया है। अधिसूचना में नेटवर्क पर हथियारों, विस्फोटकों और नशीले पदार्थों की सीमा-पार तस्करी में शामिल होने तथा युवाओं और छोटे अपराधियों को कट्टरपंथ की ओर आकर्षित करने के प्रयासों का आरोप लगाया गया है।
गृह मंत्रालय के अनुसार, यह कार्रवाई देश की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए की गई है। सरकार ने कहा है कि आतंकवादी गतिविधियों में शामिल संगठनों और नेटवर्क के खिलाफ सख्त कदम उठाने की नीति के तहत यह निर्णय लिया गया है।
UAPA के तहत लिया गया फैसला
गृह मंत्रालय ने UAPA के प्रावधानों के तहत शाहज़ाद भट्टी नेटवर्क को आतंकवादी संगठन की सूची में शामिल किया है। इस कानून के तहत केंद्र सरकार को ऐसे संगठनों पर कार्रवाई करने का अधिकार है, जिनकी गतिविधियां देश की संप्रभुता, सुरक्षा या सार्वजनिक व्यवस्था के लिए खतरा मानी जाती हैं।
संगठन को आतंकवादी घोषित किए जाने के बाद इसके नाम, गतिविधियों और इससे जुड़े लोगों पर कानूनी कार्रवाई का दायरा बढ़ जाता है। सुरक्षा एजेंसियां ऐसे संगठनों से जुड़े नेटवर्क और गतिविधियों की निगरानी कर सकती हैं।
सीमा पार तस्करी का लगाया गया आरोप
गृह मंत्रालय ने अपनी अधिसूचना में बताया कि शाहज़ाद भट्टी नेटवर्क पर हथियारों, विस्फोटकों और मादक पदार्थों की सीमा पार तस्करी में शामिल होने के आरोप हैं।
मंत्रालय के मुताबिक, ऐसे नेटवर्क अवैध गतिविधियों के लिए अंतरराष्ट्रीय संपर्कों और छिपे हुए चैनलों का इस्तेमाल करने की कोशिश करते हैं। सुरक्षा एजेंसियों की ओर से इन गतिविधियों को देश की आंतरिक सुरक्षा के लिए चुनौती माना गया है।
युवाओं को कट्टरपंथ से जोड़ने का आरोप
गृह मंत्रालय ने नेटवर्क पर आरोप लगाया है कि यह आसानी से प्रभावित होने वाले युवाओं और छोटे-मोटे अपराधों में शामिल लोगों को अपने प्रभाव में लेने की कोशिश करता है।
मंत्रालय के अनुसार, ऐसे तत्वों को कट्टरपंथी विचारधारा से जोड़कर गैर-कानूनी गतिविधियों में इस्तेमाल करने की आशंका रहती है। इसी आधार पर सरकार ने संगठन के खिलाफ यह कार्रवाई की है।
सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी बढ़ेगी
आतंकवादी संगठन घोषित किए जाने के बाद सुरक्षा एजेंसियों की ओर से इस नेटवर्क से जुड़े संभावित संपर्कों और गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। एजेंसियां संगठन से जुड़े लोगों, वित्तीय लेनदेन और अन्य सहयोगी नेटवर्क की जांच कर सकती हैं।
आतंकवाद विरोधी अभियानों के तहत सरकार लगातार ऐसे संगठनों और नेटवर्क पर कार्रवाई करती रही है, जिन पर देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगते हैं।
सरकार की आतंकवाद के खिलाफ नीति
केंद्र सरकार का कहना है कि देश की सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी। आतंकवादी गतिविधियों में शामिल संगठनों और उनके सहयोगी नेटवर्क के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।
UAPA के तहत किसी संगठन को आतंकवादी घोषित करने का फैसला सुरक्षा एजेंसियों से मिली जानकारी, जांच रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर लिया जाता है।
आगे की कार्रवाई पर नजर
शाहज़ाद भट्टी नेटवर्क को आतंकवादी संगठन घोषित किए जाने के बाद अब सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई और जांच प्रक्रिया पर नजर रहेगी। एजेंसियां नेटवर्क से जुड़े संभावित सदस्यों, फंडिंग स्रोतों और अन्य सहयोगी गतिविधियों की जांच कर सकती हैं।
गृह मंत्रालय की ओर से जारी यह आदेश आतंकवाद और संगठित अवैध नेटवर्क के खिलाफ केंद्र सरकार की कार्रवाई का हिस्सा माना जा रहा है। हालांकि, किसी भी आरोप से जुड़े मामलों में अंतिम स्थिति संबंधित जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर तय होगी।