नई दिल्ली। योग गुरु और पतंजलि के संस्थापक बाबा रामदेव ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत के एक बयान पर नाराजगी जताई है। उन्होंने NEET पेपर लीक के खिलाफ जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं को कथित तौर पर "जेनरेशन गटर" कहने वाले बयान की आलोचना करते हुए कंगना के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
बाबा रामदेव ने कहा कि देश के युवाओं को इस तरह के शब्दों से संबोधित करना उचित नहीं है। उन्होंने कंगना के बयान को उनकी सोच को दर्शाने वाला बताया और कहा कि युवाओं के सम्मान का ध्यान रखा जाना चाहिए।
एक निजी मीडिया कार्यक्रम के दौरान कंगना रनौत के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए बाबा रामदेव ने कहा कि वह इस तरह की भाषा से सहमत नहीं हैं। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा, "वह कौन हैं? पहले उन्होंने क्या-क्या किया है?" इसके साथ ही उन्होंने कहा कि वह ऐसे लोगों के बारे में ज्यादा बात नहीं करना चाहते।
दरअसल, कंगना रनौत ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर NEET पेपर लीक मामले को लेकर हुए प्रदर्शन में शामिल युवाओं को लेकर टिप्पणी की थी। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में बहस शुरू हो गई।
बाबा रामदेव ने कहा कि युवाओं को "जेनरेशन गटर" कहना गलत है। उन्होंने कहा कि देश का युवा भविष्य की ताकत है और उसके मुद्दों को गंभीरता से सुना जाना चाहिए। उन्होंने युवाओं की समस्याओं को लेकर संवेदनशील रवैया अपनाने की जरूरत बताई।
NEET पेपर लीक का मुद्दा पिछले कुछ समय से देशभर में चर्चा का विषय बना हुआ है। कई छात्र और युवा संगठन परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि पेपर लीक जैसी घटनाओं से मेहनत करने वाले अभ्यर्थियों के भविष्य पर असर पड़ता है। वे दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और परीक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे हैं।
कंगना रनौत के बयान को लेकर विपक्षी दलों ने भी सवाल उठाए हैं। कुछ नेताओं ने इसे युवाओं का अपमान बताया और बीजेपी से इस मामले में स्पष्टीकरण की मांग की है।
वहीं, बाबा रामदेव की टिप्पणी के बाद यह विवाद और बढ़ गया है। रामदेव ने कहा कि किसी भी जनप्रतिनिधि को बोलते समय भाषा और शब्दों का ध्यान रखना चाहिए, क्योंकि उनके बयान का प्रभाव समाज के बड़े वर्ग पर पड़ता है।
कंगना रनौत बॉलीवुड से राजनीति में आई हैं और वर्तमान में बीजेपी की सांसद हैं। वह इससे पहले भी कई सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर अपने बेबाक बयानों के कारण चर्चा में रही हैं।
बाबा रामदेव ने कहा कि देश के युवाओं को प्रोत्साहित करने की जरूरत है, न कि उन्हें अपमानजनक शब्दों से संबोधित करने की। उन्होंने कहा कि युवा देश के विकास में अहम भूमिका निभाते हैं और उनकी समस्याओं को समझना चाहिए।
उन्होंने यह भी संकेत दिया कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले लोगों को अपनी जिम्मेदारियों का ध्यान रखना चाहिए। उनके अनुसार, नेताओं और जनप्रतिनिधियों के शब्दों का असर आम लोगों और खासकर युवाओं पर पड़ता है।
इस पूरे विवाद के बीच कंगना रनौत के बयान को लेकर सोशल मीडिया पर भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग उनके बयान का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कई लोग इसकी आलोचना कर रहे हैं।
राजनीतिक जानकारों का कहना है कि NEET पेपर लीक जैसे संवेदनशील मुद्दे पर नेताओं और सार्वजनिक हस्तियों की टिप्पणियां काफी महत्वपूर्ण हो जाती हैं। ऐसे मामलों में छात्रों और युवाओं की भावनाओं को ध्यान में रखना जरूरी होता है।
फिलहाल बाबा रामदेव की प्रतिक्रिया के बाद कंगना रनौत के बयान पर विवाद और तेज हो गया है। अब देखना होगा कि इस मामले में बीजेपी या कंगना रनौत की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया आती है या नहीं।