नई दिल्ली। राजधानी में शनिवार, 10 अक्टूबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी यानी सीजेपी के प्रदर्शन का असर शिक्षण संस्थानों के कार्यक्रमों पर भी पड़ा है। छात्रों की सुरक्षा और आवाजाही में संभावित परेशानी को देखते हुए कई स्कूलों और कॉलेजों ने अपने कार्यक्रम बदल दिए हैं। कुछ कक्षाएं ऑनलाइन कर दी गई हैं, जबकि अभिभावक-शिक्षक बैठकों, खेल अभ्यास और परीक्षाओं का कार्यक्रम संशोधित किया गया है। ये फैसले संबंधित शिक्षण संस्थानों ने लिए हैं। इन्हें दिल्ली के सभी स्कूलों में एक समान छुट्टी का आदेश नहीं माना जाना चाहिए।
सरदार पटेल विद्यालय ने अभिभावकों को बताया है कि शनिवार को कक्षा छह से बारह तक के विद्यार्थियों की पढ़ाई ऑनलाइन होगी। विद्यालय ने नई दिल्ली क्षेत्र में व्यापक बैरिकेडिंग और बच्चों की सुरक्षा संबंधी चिंताओं का हवाला दिया है। इससे संबंधित कक्षाओं के विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए विद्यालय पहुंचने की आवश्यकता नहीं होगी। हालांकि, ऑनलाइन कक्षाओं में शामिल होने के लिए उन्हें विद्यालय की ओर से मिलने वाले समय और अन्य निर्देशों का पालन करना होगा। इस निर्णय का दायरा विद्यालय द्वारा बताई गई कक्षाओं तक है।
सरदार पटेल विद्यालय ने शुक्रवार को विद्यार्थियों के लिए स्कूल समय के बाद रुकने वाली ‘स्टे-बैक’ सुविधा भी बंद कर दी। इसके अलावा शनिवार को निर्धारित एक्टिविटी वीक का उद्घाटन स्थगित कर दिया गया है। इसके आयोजन की नई तारीख बाद में बताई जाएगी। इस तरह विद्यालय ने नियमित पढ़ाई के साथ अतिरिक्त गतिविधियों के कार्यक्रम में भी बदलाव किया है। अभिभावकों के लिए जरूरी है कि वे ऑनलाइन कक्षाओं और स्थगित गतिविधियों को अलग-अलग समझें, क्योंकि पढ़ाई का माध्यम बदलने और किसी कार्यक्रम को आगे बढ़ाने के निर्देश अलग हैं।
रघुबीर सिंह जूनियर मॉडर्न स्कूल ने शनिवार को होने वाली अभिभावक-शिक्षक बैठक का कार्यक्रम बदल दिया है। इस बैठक में विद्यार्थियों के रिपोर्ट कार्ड पर चर्चा होनी थी। विद्यालय के मुताबिक, संशोधित समय और तारीख की जानकारी अभिभावकों को दी जाएगी। ऐसे में पहले तय कार्यक्रम के आधार पर स्कूल पहुंचने से पहले नई सूचना देखना आवश्यक है। बैठक का कार्यक्रम बदलने को रिपोर्ट कार्ड पर चर्चा समाप्त होने के रूप में नहीं समझना चाहिए। अभिभावकों को आगे की व्यवस्था के लिए विद्यालय के संदेश का इंतजार करना होगा।
कस्तूरबा गांधी मार्ग स्थित भारतीय विद्या भवन के मेहता विद्यालय ने भी शनिवार की कुछ गतिविधियां रद्द कर दी हैं। विद्यालय ने कक्षा नौ से बारह तक के विद्यार्थियों के लिए निर्धारित स्पोर्ट्स डे अभ्यास और अतिरिक्त शैक्षणिक गतिविधियों की कक्षाएं आयोजित नहीं करने का फैसला लिया है। इसके पीछे प्रस्तावित प्रदर्शन और विद्यार्थियों की सुरक्षा को कारण बताया गया है। इसलिए इन गतिविधियों में भाग लेने वाले छात्रों को पुराने कार्यक्रम के अनुसार परिसर पहुंचने से पहले विद्यालय का संबंधित संदेश देख लेना चाहिए।
कॉलेजों की परीक्षाएं भी प्रभावित हुई हैं। पश्चिम विहार स्थित भारती विद्यापीठ कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग ने शनिवार को निर्धारित मध्यावधि परीक्षाएं सोमवार तक स्थगित की हैं। संस्थान ने कई मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद होने की आशंका तथा सेवाओं में संभावित व्यवधान को इसका कारण बताया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, संशोधित तारीख पर परीक्षा का समय पहले जैसा रहेगा। विद्यार्थियों के लिए तारीख में हुए बदलाव को ध्यान से दर्ज करना जरूरी है, ताकि पुराने परीक्षा कार्यक्रम के कारण भ्रम की स्थिति न बने।
रोहिणी स्थित महाराजा अग्रसेन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ने भी शनिवार की मध्यावधि परीक्षाएं 12 अक्टूबर तक आगे बढ़ा दी हैं। संभावित मेट्रो प्रतिबंधों के संबंध में दिल्ली पुलिस से मिले संदेश के बाद यह निर्णय लिया गया। संस्थान के अनुसार, इसे संबंधित विश्वविद्यालय के अधिकारियों और बीटेक कार्यक्रम समन्वय समिति की मंजूरी मिली है। विभागाध्यक्षों को शिक्षकों और विद्यार्थियों तक संशोधित परीक्षा कार्यक्रम पहुंचाने के लिए कहा गया है। परीक्षार्थियों को अपने विभाग की सूचना के अनुसार तैयारी और आने-जाने की व्यवस्था करनी चाहिए।
शिक्षण संस्थानों के फैसलों में परिवहन की उपलब्धता महत्वपूर्ण कारण बनी है। प्रदर्शन के मद्देनजर मेट्रो स्टेशनों पर प्रवेश-निकास संबंधी पाबंदियों और नई दिल्ली क्षेत्र में बैरिकेडिंग को लेकर चिंताएं सामने आई हैं। इन्हीं परिस्थितियों के बीच स्कूलों और कॉलेजों ने विद्यार्थियों की आवाजाही वाले कार्यक्रम संशोधित किए हैं। अलग-अलग संस्थानों की व्यवस्था अलग है। कहीं ऑनलाइन पढ़ाई होगी, कहीं केवल विशेष गतिविधियां रद्द हुई हैं और कहीं परीक्षा की तारीख बदली है। इसलिए सभी विद्यार्थियों पर एक ही निर्देश लागू होने की धारणा से बचना जरूरी है।
सीजेपी ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया है। संगठन मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहा है। दिल्ली पुलिस ने प्रस्तावित प्रदर्शन को अनुमति नहीं दी है। पुलिस ने देर से सूचना मिलने और कानून-व्यवस्था से जुड़ी परिस्थितियों का हवाला दिया है। प्रदर्शन की घोषणा और उसे अनुमति मिलने की स्थिति अलग-अलग है; शिक्षण संस्थानों ने संभावित व्यवधान को ध्यान में रखकर अपने कार्यक्रम बदले हैं।
अभिभावकों और विद्यार्थियों को शनिवार की व्यवस्था अपने स्कूल या कॉलेज की आधिकारिक सूचना से तय करनी चाहिए। ऑनलाइन कक्षा होने पर समय और जुड़ने की प्रक्रिया देख लें। परीक्षा स्थगित होने पर संशोधित तारीख के साथ समय भी जांचें। पीटीएम या अतिरिक्त गतिविधियों के लिए नया संदेश मिलने से पहले पुराने कार्यक्रम के आधार पर यात्रा तय न करें। फिलहाल सामने आए निर्णय संस्थान विशेष के हैं, इसलिए किसी दूसरे विद्यालय की सूचना को अपने बच्चे के स्कूल पर लागू मानना उचित नहीं होगा।