नई दिल्ली: देश में बने पांचवीं पीढ़ी के फाइटर जेट, 'एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट' (AMCA) को बनाने के बड़े प्रोजेक्ट के लिए वेंडर्स की तरफ से बोली (बिड) जमा करने की समय-सीमा दो महीने बढ़ा दी गई है। अब यह तारीख 27 अगस्त से बदलकर 30 अक्टूबर कर दी गई है।
इस प्रोजेक्ट की दौड़ में कई कंपनियाँ शामिल हैं, जिनमें टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड, लार्सन एंड टुब्रो, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, भारत फोर्ज और भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड शामिल हैं।अब इस प्रोजेक्ट के लिए बोलियाँ 31 अक्टूबर को खोली जाएँगी। रक्षा अधिकारियों ने बताया कि तारीखें इसलिए बढ़ाई गई हैं क्योंकि बोली लगाने वाली कंपनियों ने अपने प्रस्ताव जमा करने के लिए और समय माँगा था।
इस प्रोजेक्ट के लिए टेंडर इसी साल मई में जारी किया गया था और कार्यक्रम में शामिल कंपनियों को 60 दिनों के भीतर, यानी जुलाई के आखिर तक अपनी बोलियाँ जमा करनी थीं। AMCA भारत का एक महत्वाकांक्षी, देश में बना पांचवीं पीढ़ी का स्टील्थ फाइटर एयरक्राफ्ट प्रोग्राम है। इसका मकसद विदेशी डिफेंस प्लेटफॉर्म पर निर्भरता कम करते हुए भारतीय वायु सेना की क्षमताओं को काफी बढ़ाना है।
पिछले साल, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने AMCA प्रोग्राम के एग्जीक्यूशन मॉडल को मंज़ूरी दी थी, जिसके तहत एरोनॉटिकल डेवलपमेंट एजेंसी (ADA) इंडस्ट्री पार्टनरशिप के ज़रिए इस प्रोग्राम को पूरा करेगी।