Delhi दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के चीफ स्पोक्सपर्सन सौरव दास ने कहा है कि युवाओं और छात्रों से जुड़ी मांगों पर ध्यान दिया गया है। उन्होंने कहा कि जिन मुद्दों को लेकर आंदोलन किया गया, वे केवल कुछ लोगों की नहीं बल्कि पूरे देश के युवाओं की चिंताओं से जुड़े हुए थे। इसी कारण इस आंदोलन को देशभर में समर्थन मिला। दिल्ली में बयान देते हुए सौरव दास ने कहा कि युवाओं की मांगों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि जो भी व्यक्ति आगे शिक्षा मंत्री की जिम्मेदारी संभालेगा, उसे यह समझना होगा कि देश के युवा लगातार निगरानी कर रहे हैं और वे जवाबदेही की मांग करेंगे।
उन्होंने कहा कि नए शिक्षा मंत्री को युवाओं के हितों को प्राथमिकता देते हुए काम करना चाहिए। उन्होंने परीक्षा व्यवस्था में सुधार, पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने और छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करने की जरूरत पर जोर दिया। सौरव दास ने बताया कि उनकी ओर से जारी डिमांड चार्टर में पांच प्रमुख सुझाव रखे गए हैं। उन्होंने मांग की कि सरकार इन सुझावों को लागू करने की दिशा में ठोस कदम उठाए। उनका कहना था कि पारदर्शी परीक्षा प्रणाली और बेहतर शिक्षा व्यवस्था युवाओं के भविष्य के लिए बेहद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि संगठन जल्द ही नए शिक्षा मंत्री से मुलाकात करेगा और छात्रों की मांगों को उनके सामने रखेगा। उन्होंने दावा किया कि सरकार की ओर से एक महीने के भीतर बैठक करने का आश्वासन दिया गया है। इसके बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी। सौरव दास ने कहा कि युवाओं की आवाज को लंबे समय तक नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षाओं में पारदर्शिता और छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार प्रयास जारी रहेंगे। शिक्षा और परीक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को लेकर हाल के दिनों में देश के कई हिस्सों में छात्रों और युवा संगठनों ने अपनी चिंताएं जाहिर की हैं। अब सभी की नजर सरकार की ओर से उठाए जाने वाले अगले कदमों पर बनी हुई है।