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Xi Jinping ने पुतिन का बीजिंग में किया स्वागत, रूस-चीन संबंधों को बताया ‘अभूतपूर्व स्तर

Kavita2
20 May 2026 10:18 AM IST
Xi Jinping ने पुतिन का बीजिंग में किया स्वागत, रूस-चीन संबंधों को बताया ‘अभूतपूर्व स्तर
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Beijing बीजिंग : चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने मंगलवार को राजधानी बीजिंग में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का औपचारिक स्वागत किया। रूसी राष्ट्रपति पुतिन मंगलवार रात चीन की राजधानी पहुंचे, जहां उन्होंने दो दिवसीय उच्च-स्तरीय राजकीय यात्रा की शुरुआत की। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चीन में महत्वपूर्ण वार्ताएं समाप्त हुई हैं, जिससे वैश्विक कूटनीतिक हलचल और तेज हो गई है।

पुतिन के बीजिंग पहुंचने पर उनका स्वागत चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने हवाई अड्डे पर किया। इस दौरान भव्य स्वागत व्यवस्था देखने को मिली, जो दोनों देशों के बीच मजबूत होते संबंधों का संकेत माना जा रहा है।

विमान के उतरने से पहले ही पुतिन ने रूस-चीन संबंधों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंध “सचमुच एक अभूतपूर्व स्तर” तक पहुंच चुके हैं। उनके इस बयान को मौजूदा वैश्विक परिस्थितियों में दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।


यह दौरा रूस और चीन के बीच बढ़ते राजनीतिक, आर्थिक और सामरिक सहयोग के संदर्भ में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों देशों के शीर्ष नेतृत्व की यह मुलाकात अंतरराष्ट्रीय मंच पर शक्ति संतुलन और कूटनीतिक समीकरणों को प्रभावित कर सकती है।

बीजिंग में आयोजित इस राजकीय यात्रा के दौरान दोनों नेताओं के बीच व्यापार, ऊर्जा सहयोग, वैश्विक सुरक्षा और क्षेत्रीय मुद्दों पर विस्तृत चर्चा होने की संभावना जताई जा रही है। चीन और रूस लंबे समय से आपसी सहयोग को मजबूत करने की दिशा में काम कर रहे हैं, और यह दौरा उसी रणनीतिक साझेदारी को और आगे बढ़ाने का संकेत देता है।

इस यात्रा को ऐसे समय में और भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है जब वैश्विक राजनीति में अमेरिका, चीन और रूस के बीच प्रतिस्पर्धा और सहयोग दोनों ही पहलू लगातार बदलते दिखाई दे रहे हैं। पुतिन और शी जिनपिंग की मुलाकात से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नए कूटनीतिक संदेश जाने की उम्मीद है।

राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह दौरा केवल औपचारिक बैठक नहीं है, बल्कि यह दोनों देशों के बीच दीर्घकालिक रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने का एक प्रयास है। ऊर्जा संसाधनों, रक्षा सहयोग और आर्थिक साझेदारी जैसे क्षेत्रों में नए समझौतों की संभावना भी जताई जा रही है।

कुल मिलाकर, बीजिंग में शी जिनपिंग और व्लादिमीर पुतिन की यह मुलाकात वैश्विक राजनीति में रूस-चीन संबंधों की बढ़ती अहमियत को दर्शाती है और आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय कूटनीति पर इसके प्रभाव देखने को मिल सकते हैं।

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