
वॉशिंगटन/मॉस्को: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प आज रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से बातचीत करने वाले हैं। इस वार्ता को बेहद अहम माना जा रहा है, खासकर यूक्रेन युद्ध के संदर्भ में।
यूक्रेन युद्ध को लेकर बढ़ी उत्सुकता
ट्रम्प पहले भी कह चुके हैं कि अगर वह दोबारा राष्ट्रपति बनते हैं, तो यूक्रेन युद्ध को 24 घंटे के भीतर खत्म कर सकते हैं। ऐसे में पुतिन से उनकी बातचीत के बाद किसी बड़ी कूटनीतिक पहल की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि वे यह वार्ता आधिकारिक रूप से कर रहे हैं या निजी स्तर पर।
क्या है बातचीत का एजेंडा?
- यूक्रेन में जारी युद्ध: रूस और यूक्रेन के बीच जारी संघर्ष को खत्म करने के संभावित रास्तों पर चर्चा हो सकती है।
- अमेरिका-रूस संबंध: मौजूदा बाइडेन प्रशासन के दौर में तनावपूर्ण हो चुके रिश्तों पर भी बातचीत हो सकती है।
- भविष्य की रणनीति: अगर ट्रम्प फिर से राष्ट्रपति बनते हैं, तो रूस के साथ उनके संबंध किस दिशा में जाएंगे, इस पर भी चर्चा संभव है।
अमेरिका और नाटो की प्रतिक्रिया
अमेरिकी प्रशासन और नाटो इस बातचीत पर नजर बनाए हुए हैं। ट्रम्प के रूस के प्रति नरम रुख को लेकर पहले भी आलोचना होती रही है, और अगर उनकी पुतिन से वार्ता किसी नई रणनीति की ओर इशारा करती है, तो यह वैश्विक राजनीति को प्रभावित कर सकता है।
क्या निकलेगा नतीजा?
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बातचीत से यूक्रेन युद्ध पर कोई तात्कालिक असर नहीं पड़ेगा, लेकिन यह ट्रम्प की विदेश नीति की झलक जरूर दिखाएगा। अगर वह सत्ता में लौटते हैं, तो अमेरिका और रूस के संबंध किस दिशा में जाएंगे, इसका संकेत भी इस वार्ता से मिल सकता है।





