
ताइपेई: ताइवान और अमेरिका के अधिकारियों के बीच शुक्रवार को पहली बार टैरिफ वार्ता हुई, जिसमें दोनों पक्षों ने जल्द ही आगे की चर्चाओं की उम्मीद जताई है। ताइवान, जो एक प्रमुख सेमीकंडक्टर उत्पादक है और वर्तमान में 32% टैरिफ का सामना कर रहा है, ने इसे अनुचित बताते हुए अमेरिका को जीरो टैरिफ प्रस्ताव और अधिक खरीद तथा निवेश की पेशकश की।
ताइवान के ट्रेड नेगोशिएशन कार्यालय ने बताया कि यह बातचीत वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से हुई, जिसमें दोनों देशों के बीच पारस्परिक टैरिफ, व्यापार में गैर-टैरिफ बाधाएं, निर्यात नियंत्रण और अन्य आर्थिक मुद्दों पर चर्चा हुई।
ताइवान ने कहा कि दोनों पक्ष निकट भविष्य में फॉलोअप बैठकें करने के लिए तैयार हैं ताकि मजबूत और स्थिर व्यापारिक संबंध स्थापित किए जा सकें। अमेरिका के व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय ने फिलहाल इस पर कोई टिप्पणी नहीं दी है।
गौरतलब है कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को कई देशों पर लगाए गए नए भारी शुल्कों में अस्थायी राहत देने की बात कही थी। ताइवान लंबे समय से अमेरिका के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट की मांग करता रहा है, हालांकि दोनों देशों के बीच औपचारिक कूटनीतिक संबंध नहीं हैं।





