विश्व
रोकथाम योग्य सर्वाइकल कैंसर हर दो मिनट में एक महिला की मौत का कारण: संयुक्त राष्ट्र
jantaserishta.com
17 Nov 2025 12:24 PM IST

x
नई दिल्ली: विश्व स्तर पर हर दो मिनट में एक महिला की मृत्यु सर्वाइकल कैंसर से हो जाती है, जबकि इस रोग की रोकथाम की जा सकती है। संयुक्त राष्ट्र ने यह जानकारी विश्व सर्वाइकल कैंसर उन्मूलन दिवस (17 नवंबर) के अवसर पर दी।
इस दिन का उद्देश्य रोग के बारे में लोगों में जागरूकता बढ़ाना और एचपीवी टीकाकरण, बेहतर जांच सुविधाएं तथा इलाज को बढ़ावा देना है। संयुक्त राष्ट्र ने कहा कि हर दो मिनट में एक महिला इस बीमारी से मरती है, इसलिए जांच, टीकाकरण और उपचार तक पहुँच बेहद आवश्यक है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार टीकाकरण के साथ-साथ महिलाओं की नियमित जांच और शुरुआती अवस्था में घाव का उपचार कैंसर से बचाव में मदद करता है।
डब्ल्यूएचओ के अनुसार गर्भाशय ग्रीवा का कैंसर दुनिया भर में महिलाओं में चौथा सबसे आम कैंसर है। वर्ष 2022 में लगभग 6.60 लाख नए मामले और करीब 3.50 लाख मौतें दर्ज हुईं। इन मौतों में से अधिकतर गरीब देशों में होती हैं, जहाँ टीकाकरण और जांच की सुविधा कम हैं।
यह कैंसर एचपीवी वायरस के लंबे समय तक बने रहने से होता है। एचआईवी से ग्रस्त महिलाओं में इस कैंसर का खतरा छह गुना अधिक होता है। हालांकि, यदि बीमारी का पता समय रहते लग जाए और तुरंत इलाज शुरू हो जाए, तो यह पूरी तरह ठीक हो सकती है।
एचपीवी के विरुद्ध टीकाकरण और शुरुआती घाव की जांच तथा उपचार कैंसर रोकने के सबसे प्रभावी और सस्ते उपाय हैं। इस वर्ष की थीम है- अभी कदम बढ़ाएं : सर्वाइकल कैंसर समाप्त करें। लक्ष्य है कि 2030 तक तीन प्रमुख उद्देश्यों को पूरा किया जाए: 15 वर्ष की उम्र तक 90 प्रतिशत लड़कियों का एचपीवी टीकाकरण, 35 और 45 वर्ष की महिलाओं में 70 प्रतिशत तक जांच, और बीमारी से पीड़ित 90 प्रतिशत महिलाओं का उपचार।
डब्ल्यूएचओ ने कहा कि यदि हम सभी मिलकर अभी कदम उठाएं, तो इस रोग को समाप्त करना संभव है। प्रत्येक लड़की को टीका और प्रत्येक महिला को जांच व उपचार की सुविधा मिलनी चाहिए।
jantaserishta.com
भारत के भले ही किसी कोने में आप रह रहे हों, जनता से रिश्ता वेबसाइट पर आपके राज्य की हर छोटी-बड़ी खबर मिलेगी। राजनीति, खेल, चुनाव, बिजनेस, सिनेमा, इस प्लैटफॉर्म पर बस एक क्लिक करते ही हमेशा पाएं ताजा खबरें। उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, छत्तीसगढ़, झारखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल समेत देश के बाकी राज्यों और शहरों की कोई जानकारी हो, हम आपको देते हैं। सियासी रण हो या बजट का मौसम, कहां चल रहा क्या सियासी दांव-पेच, आपके गांव में किसकी सरकार, हर अपडेट यहां आपको मिलेंगे। तो फिर अपने राज्य की हर हलचल के लिए जुड़े रहिए जनता से रिश्ता के साथ।
Next Story





