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पाकिस्तान में PTI कार्यकर्ताओं के ठिकानों पर पुलिस की छापेमारी

Ratna Netam
12 Oct 2026 7:22 PM IST
पाकिस्तान में PTI कार्यकर्ताओं के ठिकानों पर पुलिस की छापेमारी
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इस्लामाबाद। पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में राजनीतिक तनाव के बीच स्वाबी जिले में पुलिस ने रविवार को कई स्थानों पर छापेमारी की। इन कार्रवाइयों का उद्देश्य पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करना और पार्टी की प्रस्तावित बड़ी रैली को रोकना बताया गया है। इस रैली को खैबर पख्तूनख्वा के पूर्व मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी संबोधित करने वाले थे। कार्यक्रम स्वाबी जिले की रजार तहसील के शेवा अड्डा इलाके में आयोजित होना था। हालांकि, प्रांत में गवर्नर शासन और आपातकाल लागू किए जाने की खबरों के बीच सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई और प्रस्तावित सभा बाधित हो गई।सामने आई रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस ने शेवा अड्डा और आसपास के इलाकों में गश्त बढ़ा दी। इसके अलावा संभावित विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए जिला मुख्यालय के प्रमुख स्थानों और इस्लामाबाद-पेशावर मोटरवे पर भी बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई। इस घटनाक्रम के बाद पाकिस्तान में सत्तापक्ष और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी पीटीआई के बीच राजनीतिक टकराव एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
स्वाबी जिले में कई स्थानों पर छापेमारी
रविवार को स्वाबी जिले में पुलिस ने पीटीआई कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के उद्देश्य से कई स्थानों पर छापेमारी की।रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस की कार्रवाई का संबंध शेवा अड्डा में प्रस्तावित राजनीतिक रैली से था।इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पीटीआई समर्थकों के शामिल होने की योजना थी।पुलिस ने संभावित सभा को रोकने के लिए इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी।हालांकि, उपलब्ध जानकारी में छापेमारी के दौरान गिरफ्तार किए गए लोगों की संख्या या उनके नामों का स्पष्ट विवरण नहीं दिया गया है।इसलिए यह पुष्टि नहीं की जा सकती कि इन कार्रवाइयों में कितने कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया।
सोहेल अफरीदी की रैली हुई प्रभावित
खैबर पख्तूनख्वा के पूर्व मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी को रविवार शाम शेवा अड्डा पहुंचकर पार्टी समर्थकों को संबोधित करना था।रैली का आयोजन रजार तहसील के शेवा अड्डा इलाके में प्रस्तावित थाहालांकि, प्रांत में आपातकाल और गवर्नर शासन लागू किए जाने की रिपोर्टों के बाद कार्यक्रम प्रभावित हुआ।सुरक्षा व्यवस्था सख्त होने और पुलिस की गतिविधियां बढ़ने के कारण प्रस्तावित रैली निर्धारित योजना के अनुसार नहीं हो सकी।रिपोर्टों में बताया गया है कि आपातकाल की घोषणा के कारण कार्यक्रम बाधित हुआ।हालांकि, उपलब्ध विवरण में सोहेल अफरीदी के कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने या उन्हें हिरासत में लिए जाने की पुष्टि नहीं की गई है।
रैली का स्थान बदलने की कोशिश
प्रस्तावित कार्यक्रम में बाधा आने के बावजूद पीटीआई के कुछ नेताओं ने रैली को दूसरे स्थान पर आयोजित करने की कोशिश की।सूत्रों के हवाले से सामने आई जानकारी के अनुसार, पार्टी नेताओं ने कार्यकर्ताओं को शेवा अड्डा के रजार स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में एकत्र होने का निर्देश दिया।इस कदम का उद्देश्य मूल कार्यक्रम स्थल पर उत्पन्न बाधाओं के बीच सभा को जारी रखना बताया गया।हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि स्थान बदलने के बाद वहां कितने कार्यकर्ता पहुंचे या सभा आयोजित हो सकी अथवा नहीं।पुलिस की सक्रियता को देखते हुए प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर अनिश्चितता बनी रही।
शेवा अड्डा में पुलिस की गश्त बढ़ी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, संभावित राजनीतिक सभा को रोकने के लिए शेवा अड्डा और आसपास के क्षेत्रों में पुलिसकर्मियों ने सक्रिय रूप से गश्त की।
इलाके में सुरक्षा बलों की मौजूदगी बढ़ाई गई।
रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस की निगरानी का प्रमुख उद्देश्य पीटीआई कार्यकर्ताओं के संभावित जमावड़े को रोकना था।
इसके साथ ही आसपास के इलाकों में भी सतर्कता बरती गई।
हालांकि, पुलिस की ओर से लागू किए गए विशिष्ट प्रतिबंधों और उनकी कानूनी अवधि का विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं है।
प्रमुख चौक और मोटरवे पर भारी पुलिस बल
स्वाबी जिले में केवल प्रस्तावित रैली स्थल ही नहीं, बल्कि अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर भी पुलिस की तैनाती बढ़ाई गई।रिपोर्टों के अनुसार, जिला मुख्यालय स्थित कर्नल शेर खान चौक पर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात किए गए।इसके अलावा इस्लामाबाद-पेशावर मोटरवे पर भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई।इन स्थानों पर पुलिस की तैनाती संभावित विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए की गई थी।इस्लामाबाद-पेशावर मोटरवे महत्वपूर्ण यातायात मार्ग है। ऐसे में यहां सुरक्षा बलों की मौजूदगी ने राजनीतिक गतिविधियों के साथ आवागमन से संबंधित सवाल भी खड़े किए।हालांकि, उपलब्ध जानकारी में मोटरवे को पूरी तरह बंद किए जाने या यातायात प्रतिबंधों की पुष्टि नहीं की गई है।
गवर्नर शासन और आपातकाल का मुद्दा
खैबर पख्तूनख्वा में गवर्नर शासन और आपातकाल लागू किए जाने की रिपोर्टों के बीच यह राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया।रिपोर्टों में कहा गया है कि इन घोषणाओं के बाद सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई।पीटीआई के प्रस्तावित कार्यक्रम पर भी इसका असर पड़ा।हालांकि, उपलब्ध विवरण में आपातकाल और गवर्नर शासन लागू करने संबंधी आधिकारिक अधिसूचना, कानूनी प्रावधानों या उनकी अवधि का उल्लेख नहीं है।इसलिए इन व्यवस्थाओं की औपचारिक स्थिति और लागू शर्तों की पुष्टि संबंधित सरकारी दस्तावेजों से किया जाना आवश्यक है।
इमरान खान के बेटे कासिम ने जताया विरोध
इस राजनीतिक घटनाक्रम के बीच पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के बेटे कासिम खान ने खैबर पख्तूनख्वा में संघीय सरकार की कार्रवाई की निंदा की।सोमवार को सामने आए उनके बयान में प्रांत में आपातकाल और गवर्नर शासन लागू किए जाने का विरोध किया गया।कासिम खान ने पीटीआई के नेतृत्व वाले प्रांत में संघीय सरकार के कदम पर सवाल उठाए।उनकी प्रतिक्रिया ऐसे समय आई, जब स्वाबी जिले में पार्टी कार्यकर्ताओं के खिलाफ छापेमारी और प्रस्तावित रैली में बाधा आने की खबरें सामने आई थीं।हालांकि, उपलब्ध जानकारी में कासिम खान के बयान पर संघीय सरकार की विस्तृत प्रतिक्रिया शामिल नहीं है।
PTI और सरकार के बीच बढ़ता टकराव
पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी है।खैबर पख्तूनख्वा में पार्टी की राजनीतिक गतिविधियां मौजूदा घटनाक्रम के कारण चर्चा में हैं।स्वाबी में प्रस्तावित रैली, पुलिस की छापेमारी और सुरक्षा बलों की तैनाती ने राजनीतिक मतभेदों को और प्रमुखता दी है।पीटीआई नेताओं ने कार्यक्रम जारी रखने के लिए सभा स्थल बदलने की कोशिश की, जबकि पुलिस संभावित जमावड़े को रोकने के लिए सक्रिय रहीयह घटनाक्रम राजनीतिक प्रदर्शन करने के अधिकार और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी के बीच उठने वाले सवालों से भी जुड़ा है।हालांकि, किसी कार्रवाई की वैधानिकता का निर्धारण संबंधित कानूनों और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर ही किया जा सकता है।
आगे की राजनीतिक गतिविधियों पर नजर
स्वाबी जिले में रविवार को हुई छापेमारी और पीटीआई की प्रस्तावित रैली बाधित होने के बाद खैबर पख्तूनख्वा की राजनीतिक स्थिति पर नजर बनी हुई हैपुलिस ने शेवा अड्डा, कर्नल शेर खान चौक और इस्लामाबाद-पेशावर मोटरवे जैसे महत्वपूर्ण स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई।दूसरी ओर, पीटीआई के कुछ नेताओं ने कार्यकर्ताओं को रजार स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में एकत्र होने के निर्देश दिए।इस बीच इमरान खान के बेटे कासिम खान ने संघीय सरकार के कदम की आलोचना की है।अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रांत में राजनीतिक गतिविधियों, पुलिस की कार्रवाई और प्रस्तावित सभाओं को लेकर आगे क्या आधिकारिक जानकारी सामने आती है।
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