
World वर्ल्ड: डेनमार्क की संसद ने शुक्रवार को अमेरिका के साथ एक रक्षा सहयोग समझौते को मंजूरी देने की दिशा में अहम कदम उठाया। यह समझौता अमेरिकी सेना को डेनमार्क में सैनिक तैनात करने और सैन्य उपकरण रखने की व्यापक अनुमति देगा।
हाल के जनमत सर्वेक्षणों में डेनमार्क की जनता में इस 10-वर्षीय समझौते को लेकर काफी विरोध देखा गया है। इसके बावजूद सरकार ने इसे यूरोप की सुरक्षा और रूस से बढ़ते खतरे के मद्देनज़र ज़रूरी बताया है।
ग्रीनलैंड को लेकर डेनमार्क और अमेरिका के बीच पहले से तनाव बना हुआ है। अमेरिकी पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सुरक्षा कारणों से ग्रीनलैंड को अमेरिका में शामिल करने की मांग की थी, जिसे डेनमार्क और ग्रीनलैंड दोनों ने सख्ती से खारिज कर दिया था।
फिर भी, डेनमार्क की सरकार ने 2023 में राष्ट्रपति जो बाइडन के कार्यकाल में यह द्विपक्षीय समझौता किया था, जिसे अब संसद की मंजूरी मिलने की संभावना बढ़ गई है।





