
Pakistan पाकिस्तान : लाहौर में दो विदेशी महिलाओं के कथित अपहरण और सामूहिक दुष्कर्म के मामले ने गंभीर रूप ले लिया है। इस मामले में पुलिस ने चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक आरोपी पाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री इशाक डार का करीबी रिश्तेदार बताया जा रहा है। इस खुलासे के बाद मामला और अधिक संवेदनशील हो गया है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मुहम्मद रजा डार, हसन रजा, सिकंदर खान और साजिद अली के रूप में हुई है। इनमें से मुहम्मद रजा डार को मुख्य संदिग्ध बताया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि मुहम्मद रजा डार का संबंध उप प्रधानमंत्री इशाक डार से है, जिसके चलते यह मामला राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर भी चर्चा का विषय बन गया है।
यह घटना लाहौर में उस समय सामने आई जब दो विदेशी महिलाओं ने कथित तौर पर अपहरण और यौन उत्पीड़न की शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों संदिग्धों को गिरफ्तार किया और मामले की जांच शुरू की।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में आरोप गंभीर पाए गए हैं और आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। पीड़ित महिलाओं के बयान और मेडिकल रिपोर्ट को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है ताकि घटना की पूरी सच्चाई सामने आ सके।
Raza Dar reported as close relative of Deputy PM Ishaq Dar — stands accused of the abduction and sexual abuse of two foreign women in Lahore.
— Imran Ismail (@ImranIsmailPTI) July 3, 2026
This is not just a personal crime; it’s a national disgrace. When the powerful elite treat Pakistan like their personal hunting ground, it… pic.twitter.com/FngWvbWcZb
लाहौर की एक अदालत ने शुक्रवार को इस मामले में सुनवाई करते हुए सभी चारों आरोपियों को पुलिस की हिरासत में भेजने का आदेश दिया है। अदालत ने उन्हें आगे की जांच के लिए चार से पांच दिनों की पुलिस कस्टडी में रखने की अनुमति दी है, ताकि पुलिस सभी पहलुओं की गहराई से जांच कर सके।
पुलिस का कहना है कि मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जांच को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि क्या इस घटना में कोई और व्यक्ति या नेटवर्क शामिल है। विदेशी नागरिकों से जुड़ा मामला होने के कारण इसे उच्च प्राथमिकता पर लिया गया है।
अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों से अलग-अलग पूछताछ की जा रही है और उनके मोबाइल रिकॉर्ड, लोकेशन डेटा और अन्य तकनीकी सबूतों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का उद्देश्य यह पता लगाना है कि घटना की योजना पहले से बनाई गई थी या यह अचानक हुई वारदात है।
इस मामले में मुहम्मद रजा डार के राजनीतिक संबंधों के कारण भी जांच पर सबकी नजर बनी हुई है। हालांकि पुलिस ने अब तक इस बात की पुष्टि नहीं की है कि इन संबंधों का घटना से कोई प्रत्यक्ष जुड़ाव है या नहीं, लेकिन मामला हाई-प्रोफाइल होने के कारण प्रशासन पर दबाव बढ़ गया है।
पीड़ित महिलाओं की सुरक्षा को देखते हुए उन्हें सुरक्षित स्थान पर रखा गया है और उनका बयान दर्ज किया जा रहा है। अधिकारियों ने कहा है कि पीड़ितों को हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है और उनके अधिकारों की रक्षा की जाएगी।
स्थानीय मीडिया के अनुसार, इस घटना के बाद शहर में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है, खासकर विदेशी नागरिकों की सुरक्षा को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है।
कुल मिलाकर, लाहौर में दो विदेशी महिलाओं के कथित अपहरण और दुष्कर्म का यह मामला अब राजनीतिक और सामाजिक दोनों स्तरों पर चर्चा का विषय बन गया है। चारों आरोपियों की गिरफ्तारी और उनमें एक आरोपी के उच्च राजनीतिक संबंधों के खुलासे ने मामले को और गंभीर बना दिया है, जबकि पुलिस जांच जारी है और अदालत ने आरोपियों को हिरासत में भेजकर आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।





