
वर्ल्ड | इंडोनेशिया में रमजान के पवित्र महीने में एक अनोखा अभियान चलाया जा रहा है, जहां हजारों मुस्लिम महिलाएं और पुरुष अपने शरीर से टैटू हटवा रहे हैं। यह अभियान अमिल जकात नेशनल एजेंसी द्वारा मुफ्त में दी जा रही सेवा के तहत चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आध्यात्मिक शुद्धता प्राप्त करना है, ताकि लोग रमजान के इस महीने में अपने शरीर और आत्मा को साफ कर सकें।
टैटू हटवाना न केवल एक शारीरिक प्रक्रिया है, बल्कि यह एक दर्दनाक और महंगी प्रक्रिया भी है। फिर भी, इस प्रक्रिया को सहन कर लोग ईश्वर के करीब जाने की कोशिश कर रहे हैं। रमजान के इस महीने में, जहां मुस्लिम समुदाय आत्मनिर्भरता और धार्मिक कर्तव्यों पर ध्यान केंद्रित करता है, ऐसे में इस अभियान को एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।
इस अभियान ने न सिर्फ इंडोनेशिया, बल्कि दुनियाभर में चर्चा का विषय बना दिया है। यह न केवल धार्मिक शुद्धता का प्रतीक है, बल्कि यह यह भी दर्शाता है कि लोग अपनी आस्था को और गहरे रूप से महसूस करने के लिए तैयार हैं, चाहे इसके लिए उन्हें शारीरिक कष्ट ही क्यों न सहन करना पड़े।





