
म्यांमार | म्यांमार में आए भयानक भूकंप के बाद भारत ने त्वरित मदद भेजकर एक बार फिर वैश्विक संकट में अपनी मानवीय प्रतिबद्धता साबित की है। भारत सरकार ने ‘ऑपरेशन ब्रह्मा’ के तहत राहत सामग्री, मेडिकल सपोर्ट और आपदा राहत दलों को भेजकर म्यांमार के लोगों की मदद के लिए मोर्चा संभाल लिया है।
क्या-क्या भेजा भारत ने?
NDRF टीम की तैनाती - विशेषज्ञ रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए पहुंच चुके हैं।
पैरा-फील्ड एंबुलेंस - गंभीर रूप से घायलों के इलाज के लिए भेजी गई हैं।
राहत सामग्री - खाने-पीने का सामान, कंबल, दवाइयां और स्वच्छता किट।
मेडिकल टीम - डॉक्टरों की एक बड़ी टीम उपचार में लगी है।
भारत हमेशा अपने ‘पड़ोसी प्रथम नीति’ के तहत संकटग्रस्त देशों की मदद करता आया है। नेपाल, तुर्किये और अफगानिस्तान के बाद अब म्यांमार में भी भारत सबसे पहले राहत लेकर पहुंचा है।
‘ऑपरेशन ब्रह्मा’ नाम क्यों रखा गया?
‘ब्रह्मा’ हिंदू मान्यताओं में सृजन और पुनर्निर्माण का प्रतीक हैं, इसलिए इस राहत अभियान को यह नाम दिया गया है। इसका उद्देश्य है म्यांमार को फिर से बसाने में मदद करना।
म्यांमार में हालात कितने खराब?
अब तक 1,600 से ज्यादा लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है।
हजारों इमारतें जमींदोज हो गई हैं।
लाखों लोग खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं।
भारत की पहल से क्या बदलेगा?
भारत की मदद से राहत कार्यों में तेजी आएगी, घायलों का इलाज होगा और म्यांमार को फिर से खड़ा होने में सहायता मिलेगी।





