
World वर्ल्ड: चेक गणराज्य ने पहली बार अपनी इतिहास में रूसी तेल पर निर्भरता पूरी तरह खत्म कर दी है। प्रधानमंत्री पेट्र फियाला ने बताया कि अब देश को पश्चिम से आने वाली TAL पाइपलाइन के जरिए पूरी क्षमता के साथ तेल की आपूर्ति हो रही है। यह पाइपलाइन इटली के त्रिएस्ते बंदरगाह से जर्मनी होते हुए चेक गणराज्य तक तेल पहुंचाती है।
देश की पाइपलाइन कंपनी MERO ने पिछले साल इस पाइपलाइन की क्षमता को बढ़ाकर 80 लाख टन सालाना कर दिया था, जो अब देश की वार्षिक ज़रूरतों के लिए पर्याप्त है। इससे पहले चेक रिफाइनरी Orlen Unipetrol अपनी आधी जरूरत रूस के ड्रुज़बा पाइपलाइन से और आधी TAL पाइपलाइन से पूरी कर रही थी।
ड्रुज़बा के जरिए आपूर्ति मार्च से रुकी हुई थी, जिससे उत्पादन बनाए रखने के लिए सरकार को अपने तेल भंडार का इस्तेमाल करना पड़ा। अब पूरी सप्लाई TAL पाइपलाइन से की जाएगी।





