
America अमेरिका : राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर अपने नए और विवादित फैसले को लेकर चर्चा में हैं। इस बार उन्होंने अमेरिका के 250वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर एक लिमिटेड एडिशन पासपोर्ट जारी करने का निर्णय लिया है, जिसमें उनकी तस्वीर भी शामिल होगी। यह पासपोर्ट डिजाइन सोशल मीडिया पर साझा किए जाने के बाद तेजी से चर्चा में आ गया है।नई डिजाइन के अनुसार, पासपोर्ट के एक हिस्से में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की गंभीर मुद्रा में तस्वीर दिखाई देगी, जबकि दूसरे हिस्से में 1776 में अमेरिका की स्वतंत्रता घोषणा से जुड़ी ऐतिहासिक झलक और प्रतीकात्मक चित्र शामिल होंगे। इसके साथ ही ‘यूनाइटेड स्टेट्स ऑफ अमेरिका 250’ लिखा हुआ भी दिखाई देगा।
ट्रंप ने इस डिजाइन को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर साझा करते हुए लिखा, “अमेरिका का नया पासपोर्ट, आपका स्वागत है, लेकिन अच्छे से रहिए।” उनके इस पोस्ट के बाद यह डिजाइन तेजी से वायरल हो गया और इस पर राजनीतिक और सामाजिक चर्चाएं भी शुरू हो गई हैं।व्हाइट हाउस की ओर से भी इस नए पासपोर्ट डिजाइन को साझा किया गया है, जिसे “पैट्रियट पासपोर्ट” नाम दिया गया है। जानकारी के अनुसार, अमेरिकी विदेश विभाग पहले ही यह घोषणा कर चुका है कि 6 जुलाई के बाद कस्टम डिजाइन वाले पासपोर्ट ऑर्डर किए जा सकेंगे।
हालांकि, सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि ट्रंप की तस्वीर वाला यह विशेष पासपोर्ट सीमित मात्रा में ही उपलब्ध होगा और इसे केवल वाशिंगटन में व्यक्तिगत मांग के आधार पर जारी किया जाएगा। एक बार इसकी सीमित संख्या समाप्त हो जाने के बाद यह फिर उपलब्ध नहीं कराया जाएगा।इस बीच ट्रंप के इस कदम को उनकी “नई राजनीतिक और व्यक्तिगत छवि” गढ़ने की कोशिश के रूप में भी देखा जा रहा है। अपने दूसरे कार्यकाल में ट्रंप कई ऐसे फैसले लेते नजर आए हैं, जिनमें उनकी छाप साफ दिखाई देती है। इससे पहले उन्होंने सरकारी इमारतों पर बड़े बैनर लगवाने और कुछ राष्ट्रीय संस्थानों के साथ अपने नाम को जोड़ने की कोशिश की थी, हालांकि कुछ मामलों में उन्हें कानूनी चुनौतियों का सामना भी करना पड़ा।
इसके अलावा अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने यह भी संकेत दिया है कि जल्द ही एक डॉलर के नोट पर ट्रंप के हस्ताक्षर शामिल किए जा सकते हैं। वहीं कुछ रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि ट्रंप अमेरिकी विदेश नीति से जुड़ी पुरानी मुनरो डॉक्ट्रीन को नए नाम “डॉनरो डॉक्ट्रीन” के रूप में पेश करने पर विचार कर रहे हैं।ट्रंप के इन फैसलों को लेकर अमेरिका में राजनीतिक बहस तेज हो गई है। समर्थक इसे ऐतिहासिक पहल मान रहे हैं, जबकि आलोचक इसे व्यक्तिगत छवि को बढ़ावा देने का प्रयास बता रहे हैं।





