
नई दिल्ली : इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज के पहले मुकाबले में 15 वर्षीय युवा प्रतिभा वैभव सूर्यवंशी को भारतीय टीम में जगह नहीं मिलने पर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। उनके अंतरराष्ट्रीय डेब्यू का इंतजार फिलहाल और लंबा हो गया है, जिससे क्रिकेट फैंस के बीच हैरानी और निराशा का माहौल है।
वैभव सूर्यवंशी को हाल ही में उनके शानदार प्रदर्शन के चलते भारतीय टीम में शामिल किया गया था। 2026 इंडियन प्रीमियर लीग में उन्होंने 16 पारियों में 776 रन बनाकर सभी को प्रभावित किया और उन्हें टूर्नामेंट का मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर (MVP) भी चुना गया था। उनके इस प्रदर्शन के बाद उन्हें आयरलैंड और इंग्लैंड दोनों टूर के लिए भारतीय स्क्वॉड में जगह मिली थी।
शुरुआत में यह उम्मीद जताई जा रही थी कि उन्हें ओपनिंग बल्लेबाज के रूप में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उतारा जा सकता है, लेकिन आयरलैंड सीरीज के दौरान भी उन्हें प्लेइंग इलेवन में मौका नहीं दिया गया। अब इंग्लैंड के खिलाफ पहले टी20 मुकाबले में भी उन्हें बाहर बैठाया गया, जिससे उनके डेब्यू को लेकर सवाल और बढ़ गए हैं।
लगातार टीम में होने के बावजूद मैदान पर मौका न मिलने से फैंस सोशल मीडिया पर सवाल उठा रहे हैं कि इतने शानदार फॉर्म में चल रहे खिलाड़ी को आखिर कब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू करने का अवसर मिलेगा।
भारतीय क्रिकेट के दिग्गज और पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर ने भी इस मामले पर हैरानी जताई है। उन्होंने कहा कि इतने प्रतिभाशाली युवा खिलाड़ी को लगातार बाहर रखना सही संकेत नहीं है। उनके अनुसार, डेब्यू में देरी से युवा खिलाड़ी पर अनावश्यक दबाव बढ़ सकता है और उसका आत्मविश्वास भी प्रभावित हो सकता है।
गावस्कर का मानना है कि जब कोई खिलाड़ी घरेलू और आईपीएल स्तर पर लगातार अच्छा प्रदर्शन करता है, तो उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनुभव देने का सही समय होता है, ताकि वह बड़े मंच पर खुद को साबित कर सके।
वहीं, टीम मैनेजमेंट की रणनीति को लेकर भी अलग-अलग राय सामने आ रही है। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि युवा खिलाड़ियों को धीरे-धीरे टीम में शामिल करना चाहिए ताकि वे दबाव को समझ सकें, जबकि कुछ का कहना है कि फॉर्म में चल रहे खिलाड़ी को तुरंत मौका मिलना चाहिए।
वैभव सूर्यवंशी को लेकर उत्साह इसलिए भी ज्यादा है क्योंकि इतनी कम उम्र में उन्होंने जिस तरह का प्रदर्शन किया है, वह भारतीय क्रिकेट के भविष्य के लिए एक बड़ा संकेत माना जा रहा है। उनकी बल्लेबाजी तकनीक और आक्रामक शैली ने पहले ही क्रिकेट जगत का ध्यान खींच लिया है।
फिलहाल, उनके अंतरराष्ट्रीय डेब्यू को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है, लेकिन टीम चयन को लेकर बहस लगातार जारी है। क्रिकेट फैंस उम्मीद कर रहे हैं कि आने वाले मैचों में उन्हें मौका मिलेगा और वह अपने टैलेंट को अंतरराष्ट्रीय मंच पर साबित कर पाएंगे।





