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मुंबई में प्रीमियर लीग की खास पहल 34 फुटबॉल कोचों को मिली ट्रेनिंग
Ratna Netam
16 Oct 2026 5:20 PM IST

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मुंबई। भारत में जमीनी स्तर पर फुटबॉल को बढ़ावा देने और युवा खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से इंग्लिश प्रीमियर लीग ने मुंबई में अपने 'नेक्स्टजेन कोच' (NEXTGEN Coach) कार्यक्रम के दूसरे संस्करण का आयोजन किया। यह चार दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम 10 से 13 अक्टूबर 2026 तक कूपरेज फुटबॉल ग्राउंड में आयोजित हुआ। इसमें ऑस्कर फाउंडेशन के कुल 34 कोचों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य स्थानीय फुटबॉल कोचों की क्षमताओं को विकसित करना और उन्हें आधुनिक प्रशिक्षण तकनीकों से परिचित कराना था।प्रीमियर लीग की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, प्रशिक्षण का संचालन अंतरराष्ट्रीय कम्युनिटी कोचों ने किया। इस दौरान भारतीय कोच एजुकेटर्स ने भी सहयोग किया, जो प्रीमियर लीग के 'प्राइमरी स्टार्स' कार्यक्रम के पूर्व प्रतिभागी रह चुके हैं।
चार दिनों तक कोचों को दिया गया विशेष प्रशिक्षण
मुंबई में आयोजित इस कार्यक्रम में कोचों को क्लासरूम और मैदान दोनों स्तरों पर प्रशिक्षण दिया गया। इसका मुख्य उद्देश्य उन्हें फुटबॉल की आधुनिक कोचिंग तकनीकों, खिलाड़ियों के साथ बेहतर संवाद और प्रशिक्षण के दौरान सुरक्षित माहौल तैयार करने के तरीकों की जानकारी देना था।कार्यक्रम में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि छोटे बच्चों और युवा खिलाड़ियों को फुटबॉल सिखाते समय प्रशिक्षण को आनंददायक और समावेशी बनाया जाए।इसके अलावा कोचों को ऐसा व्यावहारिक अनुभव प्रदान किया गया, जिससे वे अपने समुदायों में फुटबॉल गतिविधियों का बेहतर संचालन कर सकें।
गोवा के बाद मुंबई में हुआ दूसरा संस्करण
नेक्स्टजेन कोच कार्यक्रम का पहला संस्करण मई 2026 में गोवा में आयोजित किया गया था। इसके बाद मुंबई में दूसरे संस्करण का आयोजन हुआइस पहल की शुरुआत मूल रूप से एक फुटबॉल टूर्नामेंट के रूप में हुई थी, जिसमें प्रीमियर लीग की अकादमी टीमों और भारत की युवा फुटबॉल टीमों को एक साथ खेलने का अवसर दिया गया था।समय के साथ इस पहल का विस्तार किया गया और इसमें कोच विकास कार्यक्रम को भी शामिल किया गया। इसका उद्देश्य स्थानीय प्रशिक्षकों तक अंतरराष्ट्रीय अनुभव और तकनीकी जानकारी पहुंचाना है।
18 राज्यों में 7,500 से अधिक प्रशिक्षकों को मिला सहयोग
भारत में प्रीमियर लीग का सामुदायिक फुटबॉल कार्यक्रम लगभग दो दशकों से संचालित हो रहा है। इसके तहत देश के विभिन्न हिस्सों में फुटबॉल के विकास के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।प्रीमियर लीग के अनुसार, अब तक 18 राज्यों में 7,500 से अधिक कोचों, रेफरी और एजुकेटर्स को सहायता और प्रशिक्षण संबंधी सहयोग दिया गया है।इन पहलों से 1 लाख 64 हजार से अधिक युवा लाभान्वित हुए हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को बेहतर फुटबॉल प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के साथ स्थानीय स्तर पर खेल की मजबूत व्यवस्था विकसित करना है।
मुंबई में खोला गया भारतीय कार्यालय
प्रीमियर लीग ने भारत में अपनी गतिविधियों को विस्तार देने के उद्देश्य से अप्रैल 2025 में मुंबई में अपना भारतीय कार्यालय खोला था।इस कार्यालय के माध्यम से भारत के फुटबॉल संगठनों, कोचों और सामुदायिक संस्थाओं के साथ सहयोग बढ़ाने पर ध्यान दिया जा रहा है।इसके जरिए कोच विकास, सामुदायिक भागीदारी और युवा फुटबॉल से जुड़े कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने की योजना है।
फुटबॉल फेस्टिवल में 80 से ज्यादा बच्चों की भागीदारी
चार दिवसीय कार्यक्रम का समापन 'नेक्स्टजेन फुटबॉल फेस्टिवल' के साथ हुआ। इस आयोजन में ऑस्कर फाउंडेशन के 10 से 14 वर्ष की आयु के 80 से अधिक बच्चों ने भाग लिया।बच्चों ने कार्यक्रम में शामिल प्रशिक्षित कोचों के मार्गदर्शन में फुटबॉल गतिविधियों में हिस्सा लिया। इससे कोचों को प्रशिक्षण के दौरान सीखी गई तकनीकों का व्यावहारिक इस्तेमाल करने का अवसर मिला।इस फेस्टिवल में युवा खिलाड़ियों को नए प्रशिक्षण अनुभव के साथ खेल कौशल विकसित करने का मौका भी मिला।
स्थानीय कोचों को मजबूत बनाना प्राथमिकता
प्रीमियर लीग इंडिया के प्रबंध निदेशक ऋषिकेश शेंडे ने कहा कि भारत में संगठन के कार्यों का एक महत्वपूर्ण हिस्सा जमीनी स्तर पर फुटबॉल को बढ़ावा देना है।उन्होंने बताया कि नेक्स्टजेन कोच कार्यक्रम के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय कोचिंग विशेषज्ञता सीधे स्थानीय प्रशिक्षकों तक पहुंचाई जा रही है।शेंडे के अनुसार, स्थानीय कोचों में निवेश करने से युवा खिलाड़ियों को मिलने वाले प्रशिक्षण की गुणवत्ता में व्यापक सुधार लाया जा सकता है। इससे समुदायों में फुटबॉल का विकास होगा और अधिक बच्चों को खेल से जुड़ने के अवसर मिल सकेंगे।
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