
नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत ने श्रीलंका के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। खबरों के मुताबिक, पंत अपनी बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग को और बेहतर बनाने के लिए रांची में भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज विकेटकीपर एमएस धोनी के साथ ट्रेनिंग कर रहे हैं।
ऋषभ पंत और एमएस धोनी की एक तस्वीर सोशल मीडिया पर सामने आई है, जिसे भारत के पूर्व स्पिनर शाहबाज नदीम ने शेयर किया है। तस्वीर में दोनों विकेटकीपरों के साथ नदीम भी नजर आ रहे हैं। नदीम ने पोस्ट के कैप्शन में लिखा, "भारतीय क्रिकेट के दो बेहतरीन फिनिशर, ऋषभ पंत और एमएस धोनी।"
धोनी और पंत भारतीय क्रिकेट के दो ऐसे विकेटकीपर बल्लेबाज हैं, जिन्होंने अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और मैच खत्म करने की क्षमता से अलग पहचान बनाई है। धोनी को भारतीय क्रिकेट इतिहास के सबसे सफल कप्तानों में गिना जाता है, जबकि पंत ने कम उम्र में ही टेस्ट क्रिकेट में अपनी खास जगह बनाई है।
पंत फिलहाल भारतीय टेस्ट टीम की योजनाओं का अहम हिस्सा हैं। हालांकि वह भारत की सीमित ओवरों यानी वनडे और टी20 टीम की मौजूदा योजनाओं में शामिल नहीं हैं, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में टीम मैनेजमेंट उन पर काफी भरोसा करता है। शुभमन गिल की कप्तानी वाली टेस्ट टीम में पंत की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
विकेट के पीछे उनकी तेज प्रतिक्रिया और बल्लेबाजी में आक्रामक अंदाज उन्हें टेस्ट क्रिकेट में खास बनाता है। विदेशी दौरों पर भी पंत ने कई यादगार पारियां खेली हैं और टीम को मुश्किल परिस्थितियों से बाहर निकालने में योगदान दिया है।
हालांकि, हाल का समय पंत के लिए चुनौतीपूर्ण रहा है। उन्होंने 2026 इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) की कप्तानी की थी, लेकिन टीम का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। LSG अंक तालिका में सबसे निचले स्थान पर रही।
कप्तान और बल्लेबाज के रूप में यह सीजन पंत के लिए कठिन रहा। उन्होंने 28.36 की औसत और 138.05 के स्ट्राइक रेट से 312 रन बनाए। टीम की खराब स्थिति और व्यक्तिगत प्रदर्शन को लेकर भी उनकी आलोचना हुई, लेकिन अब उनका पूरा ध्यान टेस्ट क्रिकेट पर है।
ऋषभ पंत ने आखिरी बार जून में प्रतिस्पर्धी क्रिकेट खेला था। उन्होंने मुल्लनपुर में अफगानिस्तान के खिलाफ भारत के एकमात्र टेस्ट मैच में हिस्सा लिया था। अब श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले वह अपनी लय हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं।
भारत के लिए आगामी टेस्ट मुकाबले काफी महत्वपूर्ण हैं। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के मौजूदा चक्र में फाइनल की दौड़ में बने रहने के लिए भारतीय टीम को अपने बाकी बचे नौ टेस्ट मैचों में से सात मुकाबले जीतने होंगे। ऐसे में पंत जैसे अनुभवी और आक्रामक खिलाड़ी की भूमिका बेहद अहम हो जाती है।
टीम मैनेजमेंट उम्मीद कर रहा होगा कि पंत जल्द ही अपनी पुरानी फॉर्म में लौटें और बल्लेबाजी के साथ-साथ विकेटकीपिंग में भी टीम को मजबूती दें। टेस्ट क्रिकेट में उनका रिकॉर्ड शानदार रहा है और कई मौकों पर उन्होंने दबाव की स्थिति में मैच का रुख बदला है।
एमएस धोनी के साथ ट्रेनिंग करना भी पंत के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। धोनी के पास विकेटकीपिंग, मैच की समझ और दबाव में प्रदर्शन करने का लंबा अनुभव है। पंत पहले भी धोनी से सलाह लेते रहे हैं और दोनों के बीच अच्छे संबंध हैं।
श्रीलंका टेस्ट सीरीज भारतीय टीम के लिए नए सिरे से शुरुआत करने का मौका होगी। वहीं, पंत के लिए यह सीरीज अपनी फिटनेस, फॉर्म और टेस्ट क्रिकेट में महत्व साबित करने का बड़ा अवसर होगी।
क्रिकेट प्रशंसकों की नजरें अब इस बात पर होंगी कि धोनी के मार्गदर्शन और कड़ी तैयारी के बाद ऋषभ पंत मैदान पर किस अंदाज में वापसी करते हैं। अगर वह अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और शानदार विकेटकीपिंग क्षमता के साथ प्रदर्शन करते हैं, तो भारतीय टेस्ट टीम को निश्चित रूप से मजबूती मिलेगी।





