खेल

हेज़लवुड ने पुजारा को नेट्स में गेंदबाज़ी से किया इनकार

Kavita2
7 Aug 2026 6:08 PM IST
हेज़लवुड ने पुजारा को नेट्स में गेंदबाज़ी से किया इनकार
x

स्पोर्ट्स :भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व बल्लेबाज़ चेतेश्वर पुजारा ने ऑस्ट्रेलियाई तेज़ गेंदबाज़ जोश हेज़लवुड के साथ चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) में बिताए समय का एक दिलचस्प और मज़ेदार किस्सा साझा किया है। पुजारा ने बताया कि टेस्ट क्रिकेट में लंबे समय तक उनका सामना करने के बाद हेज़लवुड ने IPL के दौरान नेट्स में उन्हें गेंदबाज़ी करने से साफ इनकार कर दिया था।

चेतेश्वर पुजारा भारतीय टेस्ट क्रिकेट के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज़ों में से एक रहे हैं। उनकी पहचान क्रीज़ पर लंबे समय तक टिककर बल्लेबाज़ी करने और दुनिया के बेहतरीन गेंदबाज़ों का धैर्य के साथ सामना करने वाले खिलाड़ी के रूप में रही है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली गई बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में उन्होंने कई यादगार पारियां खेलीं और कंगारू गेंदबाज़ों को लंबे स्पेल झेलने के लिए मजबूर किया।

इसी दौरान ऑस्ट्रेलियाई तेज़ गेंदबाज़ जोश हेज़लवुड को भी पुजारा के खिलाफ काफी मेहनत करनी पड़ी थी। 2018-19 और 2020-21 में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर भारतीय टीम की ऐतिहासिक जीत के दौरान पुजारा ने हेज़लवुड समेत ऑस्ट्रेलिया के तेज़ गेंदबाज़ी आक्रमण का जमकर सामना किया था। उनकी रक्षात्मक तकनीक और धैर्य ने ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज़ों को काफी परेशान किया था।

पुजारा ने हाल ही में JioHotstar की सीरीज़ ‘चीकी सिंगल्स’ में उस समय का किस्सा सुनाया, जब वह IPL में चेन्नई सुपर किंग्स टीम का हिस्सा बने थे। उन्होंने बताया कि जब वह पहली बार CSK के नेट्स में बल्लेबाज़ी करने पहुंचे, तो हेज़लवुड ने उन्हें गेंदबाज़ी करने से मना कर दिया।

पुजारा ने कहा, “मैंने 2018 और 2021 की ऑस्ट्रेलिया सीरीज़ में जोश हेज़लवुड के खिलाफ काफी खेला था। इसके बाद मुझे CSK टीम के लिए चुना गया। जब मैं पहली बार नेट्स में बल्लेबाज़ी करने गया, तो हेज़लवुड ने मुझे गेंदबाज़ी करने से मना कर दिया।”

उन्होंने आगे बताया कि हेज़लवुड ने मज़ाकिया अंदाज़ में कहा, “मैं उसे गेंदबाज़ी नहीं करूंगा।” पुजारा ने कहा कि यह बात काफी मज़ेदार थी क्योंकि हेज़लवुड उनकी टीम के साथी थे, लेकिन फिर भी उन्होंने नेट्स में उन्हें गेंदबाज़ी करने से इनकार कर दिया।

पुजारा के अनुसार, हेज़लवुड का कहना था कि IPL शुरू होने से पहले के महीनों में उन्होंने पुजारा को काफी गेंदबाज़ी कर ली थी और अब वह दोबारा ऐसा नहीं करना चाहते। पुजारा ने बताया कि हेज़लवुड ने यह बात मज़ाक में कही थी, लेकिन उन्होंने वास्तव में उन्हें नेट्स में गेंदबाज़ी नहीं की।

उन्होंने कहा, “उन्होंने कहा था कि वह मुझे दोबारा गेंदबाज़ी नहीं करेंगे क्योंकि IPL शुरू होने से पहले के महीनों में उन्होंने मुझे बहुत बार गेंदबाज़ी की थी। उन्होंने यह बात मज़ाक में कही थी, लेकिन असल में उन्होंने मुझे कभी गेंदबाज़ी नहीं की।”

यह किस्सा क्रिकेट के मैदान पर खिलाड़ियों के बीच बनने वाले रिश्तों और आपसी मज़ाक को भी दर्शाता है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में जहां बल्लेबाज़ और गेंदबाज़ अक्सर एक-दूसरे के खिलाफ कड़ी प्रतिस्पर्धा करते हैं, वहीं टीम में साथ खेलने के दौरान उनके बीच दोस्ताना माहौल भी देखने को मिलता है।

पुजारा और हेज़लवुड की प्रतिद्वंद्विता टेस्ट क्रिकेट के दौरान काफी चर्चित रही है। हेज़लवुड अपनी सटीक लाइन-लेंथ और अनुशासित गेंदबाज़ी के लिए जाने जाते हैं, जबकि पुजारा अपनी तकनीक और धैर्य के लिए मशहूर रहे हैं। दोनों खिलाड़ियों के बीच मुकाबला अक्सर बल्लेबाज़ और गेंदबाज़ के बीच मानसिक संघर्ष जैसा नजर आता था।

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारत की ऐतिहासिक टेस्ट जीतों में पुजारा की भूमिका बेहद अहम रही थी। खासकर 2018-19 की सीरीज़ में उन्होंने ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज़ों के लंबे स्पेल झेले और भारतीय बल्लेबाज़ी को मजबूती दी। वहीं 2020-21 की गाबा टेस्ट वाली ऐतिहासिक सीरीज़ में भी उनका अनुभव युवा भारतीय टीम के लिए काफी उपयोगी साबित हुआ।

जोश हेज़लवुड भी ऑस्ट्रेलिया के प्रमुख तेज़ गेंदबाज़ों में शामिल रहे हैं। उनकी गेंदबाज़ी का सामना करना किसी भी बल्लेबाज़ के लिए चुनौतीपूर्ण माना जाता है। ऐसे में पुजारा का यह खुलासा दिखाता है कि लगातार मुकाबले के बाद खिलाड़ियों के बीच किस तरह की हल्की-फुल्की बातचीत और मज़ाक भी चलता रहता है।

चेन्नई सुपर किंग्स जैसी टीम में जहां अनुभवी खिलाड़ियों को काफी महत्व दिया जाता है, वहां पुजारा और हेज़लवुड जैसे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटरों का साथ आना भी खास रहा। हालांकि हेज़लवुड ने नेट्स में गेंदबाज़ी से दूरी बना ली, लेकिन यह घटना दोनों खिलाड़ियों के बीच की अच्छी समझ और क्रिकेट से जुड़े मज़ेदार पलों को सामने लाती है।

पुजारा का यह किस्सा सोशल मीडिया और क्रिकेट प्रशंसकों के बीच भी चर्चा का विषय बन गया है। फैंस ने इसे एक ऐसे पल के रूप में देखा जिसमें मैदान की कड़ी प्रतिद्वंद्विता के पीछे खिलाड़ियों की दोस्ती और हास्य की भावना दिखाई देती है।

Next Story