विश्व के नंबर एक खिलाड़ी बनने के करीब अलेक्जेंडर ज्वेरेव, परिवार और टीम को दिया सफलता का श्रेय

शंघाई, 8 अक्टूबर । जर्मनी के स्टार टेनिस खिलाड़ी अलेक्जेंडर ज्वेरेव का 2026 सीजन शानदार रहा है, जिससे वह पुरुष टेनिस की विश्व नंबर-1 रैंकिंग के पहले से ज्यादा करीब पहुंच गए हैं। हालांकि, ज्वेरेव का मानना है कि उनकी कामयाबी सिर्फ कोर्ट पर किए गए प्रदर्शन की वजह से नहीं है। उन्होंने कहा कि इस सफलता की असली नींव लाइमलाइट और सुर्खियों से दूर, कड़ी मेहनत, अनुशासन और लगातार तैयारी के जरिए रखी गई है।
29 वर्षीय जर्मन टेनिस खिलाड़ी अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए दो बड़े खिताब जीते हैं। वह एटीपी रैंकिंग के इतिहास में (1973 से) दुनिया के नंबर-1 खिलाड़ी बनने वाले 30वें खिलाड़ी बनने के बेहद करीब पहुंच गए हैं। हालांकि, शुक्रवार को वू यिबिंग के खिलाफ अपने शंघाई अभियान की शुरुआत से पहले ज्वेरेव का ध्यान रैंकिंग या उपलब्धियों पर नहीं, बल्कि उन लोगों पर है जिन्होंने इस पूरे सफर में उनका साथ दिया है।
ज्वेरेव ने 'एटीपी मीडिया' से कहा, "हम सभी एक ही लक्ष्य के लिए संघर्ष और कड़ी मेहनत कर रहे हैं, और इसे एक साथ हासिल करना और भी खास है।" उनके सबसे करीबी लोगों में, उनके पिता उनके 'प्लेयर बॉक्स' में सबसे महत्वपूर्ण व्यक्ति हैं। ज्वेरेव का कहना है कि यह रिश्ता उन्हें सीजन की चुनौतियों के बीच अपनापन और स्थिरता का एहसास दिलाता है। उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि मेरे बॉक्स में सबसे महत्वपूर्ण व्यक्ति हमेशा मेरे पिता होते हैं। मुझे लगता है कि मैं ज्यादातर समय इसी का आदी रहा हूं।" हालांकि, ज्वेरेव के लिए उनके करीबी लोगों का महत्व केवल तकनीकी मार्गदर्शन से कहीं अधिक है। उनका मानना है कि ऐसे लोगों का साथ होने से, जो उन्हें गहराई से जानते हैं, असहमति और मुश्किल दौर में भी साझा लक्ष्यों को नजरअंदाज किए बिना सही परिप्रेक्ष्य बनाए रखना आसान हो जाता है।
उन्होंने कहा, "हालांकि, मुझे लगता है कि ऐसे करीबी लोगों का होना जरूरी है, क्योंकि मुश्किल पलों में आप बहस कर सकते हैं और अगले ही पल आप उन्हीं चीजों के लिए संघर्ष कर रहे होते हैं। इस तरह का समर्थन होना और ऐसे लोगों का होना जो आपको सबसे अच्छी तरह जानते हैं और उन्हीं चीजों के लिए संघर्ष कर रहे हैं, बेहद महत्वपूर्ण है।"
यह समर्थन ज्वेरेव के करियर के सबसे शानदार सीजन में से एक के दौरान उनके साथ रहा है। एटीपी फाइनल के लिए पहले ही क्वालीफाई कर चुके दूसरे नंबर के जर्मन खिलाड़ी के पास सीजन में अपने खिताबों की संख्या बढ़ाने और रैंकिंग में टॉप पर पहुंचने के लिए पांच हफ्ते बचे हैं। दुनिया के नंबर 1 खिलाड़ी बनने की संभावना स्वाभाविक रूप से चर्चा का विषय बन गई है, लेकिन ज्वेरेव बाहरी बातों को अपने खेल के तरीके पर असर नहीं पड़ने देना चाहते। उन्होंने कहा, "मेरे पास खेलने के लिए बड़ा मोटिवेशन है और कुछ चीजें हैं जिन्हें मैं हासिल करना चाहता हूं और जाहिर है कि मैं उनके लिए लड़ रहा हूं। फिलहाल मुझे टेनिस खेलना पसंद है और उम्मीद है कि यह जारी रहेगा।"
शंघाई टूर्नामेंट ज्वेरेव के लिए अपने बेहतरीन 2026 सीजन को और यादगार बनाने का एक और बड़ा मौका है। यह जर्मन खिलाड़ी मास्टर्स 1000 टूर्नामेंट में आठवीं बार हिस्सा ले रहा है। यहां उनका सबसे अच्छा प्रदर्शन 2019 में रहा था, जब वे फाइनल तक पहुंचे थे। इस बार ज्वेरेव अपने अभियान की शुरुआत चीन के वू यिबिंग के खिलाफ करेंगे। उनके साथ न सिर्फ 58 जीत वाले सीजन की शानदार फॉर्म है, बल्कि उस टीम का साथ भी है जिसे वे इस मुकाम तक पहुंचने में मदद का श्रेय देते हैं।





