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234 मैच, 146 गोल! रोनाल्डो ने संन्यास लेकर रचा इतिहास

nidhi
6 Nov 2026 7:39 AM IST
234 मैच, 146 गोल! रोनाल्डो ने संन्यास लेकर रचा इतिहास
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पुर्तगाल की जर्सी को रोनाल्डो का आखिरी सलाम
लिस्बन: दुनिया के महानतम फुटबॉल खिलाड़ियों में शुमार क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है। पुर्तगाल की राष्ट्रीय टीम के साथ 23 वर्षों तक शानदार प्रदर्शन करने वाले रोनाल्डो ने गुरुवार, 5 नवंबर 2026 को अपने ऐतिहासिक सफर को विराम देने का फैसला किया। इस घोषणा के साथ फुटबॉल इतिहास के एक यादगार अध्याय का अंत हो गया। 41 वर्षीय रोनाल्डो ने पुर्तगाल के लिए 234 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले और 146 गोल किए। वह पुरुष अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में सर्वाधिक मैच खेलने और सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी के रूप में विदा हुए हैं।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने 20 अगस्त 2003 को महज 18 वर्ष की उम्र में पुर्तगाल की सीनियर राष्ट्रीय टीम के लिए पदार्पण किया था। कजाकिस्तान के खिलाफ खेले गए मैत्री मुकाबले में उन्हें पहली बार राष्ट्रीय टीम की जर्सी पहनने का अवसर मिला। उस समय शायद ही किसी ने कल्पना की होगी कि यह युवा खिलाड़ी आने वाले वर्षों में विश्व फुटबॉल का सबसे बड़ा नाम बन जाएगा। रोनाल्डो ने अपना पहला अंतरराष्ट्रीय गोल 12 जून 2004 को यूरोपीय चैंपियनशिप में ग्रीस के खिलाफ किया था। हालांकि, पुर्तगाल को उस मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा था। यूरो 2004 में पुर्तगाल फाइनल तक पहुंचा, लेकिन खिताबी मुकाबले में ग्रीस ने उसे पराजित कर दिया। रोनाल्डो के लिए यह पहला बड़ा अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट था, जिसने उन्हें वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाई।
साल 2006 में रोनाल्डो ने पहली बार फीफा विश्व कप में हिस्सा लिया। जर्मनी में आयोजित टूर्नामेंट के दौरान उन्होंने ईरान के खिलाफ पेनल्टी पर अपना पहला विश्व कप गोल किया। पुर्तगाल की टीम उस टूर्नामेंट में सेमीफाइनल तक पहुंची और चौथे स्थान पर रही। यह रोनाल्डो के विश्व कप करियर के सर्वश्रेष्ठ टीम प्रदर्शनों में शामिल रहा। फरवरी 2007 में रोनाल्डो ने ब्राजील के खिलाफ पहली बार पुर्तगाल की कप्तानी की। इसके बाद वह धीरे-धीरे टीम के सबसे महत्वपूर्ण खिलाड़ी और प्रमुख नेतृत्वकर्ता बन गए। उनकी फिटनेस, गोल करने की क्षमता और मैदान पर आक्रामक खेल ने उन्हें विश्व फुटबॉल में अलग पहचान दिलाई। साल 2012 में रोनाल्डो ने उत्तरी आयरलैंड के खिलाफ अपना 100वां अंतरराष्ट्रीय मुकाबला खेला। इसके अगले वर्ष उन्होंने इसी टीम के खिलाफ विश्व कप क्वालिफायर में अपनी पहली अंतरराष्ट्रीय हैट्रिक लगाई। मार्च 2014 में कैमरून के खिलाफ दो गोल करके वह पुर्तगाल के सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी बन गए।
रोनाल्डो के अंतरराष्ट्रीय करियर का सबसे यादगार पल 10 जुलाई 2016 को आया। फ्रांस में आयोजित यूरोपीय चैंपियनशिप के फाइनल में पुर्तगाल ने मेजबान फ्रांस को 1-0 से हराकर पहली बार यूरो कप का खिताब जीता। हालांकि, फाइनल मुकाबले के दौरान चोट लगने के कारण रोनाल्डो को मैदान छोड़ना पड़ा था। इसके बावजूद उन्होंने कप्तान के रूप में ट्रॉफी उठाई और देश को ऐतिहासिक सफलता दिलाई। इसके बाद रोनाल्डो ने 2018 फीफा विश्व कप में स्पेन के खिलाफ शानदार हैट्रिक लगाकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। यह मुकाबला 3-3 की बराबरी पर समाप्त हुआ और रोनाल्डो की फ्री-किक ने दुनियाभर के फुटबॉल प्रशंसकों का दिल जीत लिया।
साल 2019 में पुर्तगाल ने पहली बार आयोजित यूईएफए नेशंस लीग का खिताब जीता। रोनाल्डो इस जीत में टीम के प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल रहे। सितंबर 2020 में उन्होंने स्वीडन के खिलाफ अपने अंतरराष्ट्रीय गोलों का शतक पूरा किया। सितंबर 2021 में रोनाल्डो ने आयरलैंड के खिलाफ दो गोल करके ईरान के अली डेई का 109 अंतरराष्ट्रीय गोलों का रिकॉर्ड तोड़ दिया। इसके साथ वह पुरुष अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी बन गए।
साल 2022 के कतर विश्व कप में रोनाल्डो ने घाना के खिलाफ गोल करके पांच अलग-अलग विश्व कप में गोल करने वाले पहले पुरुष खिलाड़ी बनने का इतिहास रचा। मार्च 2023 में उन्होंने 197वां अंतरराष्ट्रीय मुकाबला खेलकर सर्वाधिक मैच खेलने का विश्व रिकॉर्ड अपने नाम किया। जून 2023 में वह 200 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाले पहले पुरुष फुटबॉलर बने। साल 2025 में पुर्तगाल ने दूसरी बार यूईएफए नेशंस लीग का खिताब जीता। स्पेन के खिलाफ फाइनल में रोनाल्डो ने गोल किया और पुर्तगाल ने पेनल्टी शूटआउट में जीत दर्ज की।
रोनाल्डो ने 2026 फीफा विश्व कप में भी हिस्सा लिया। उज्बेकिस्तान के खिलाफ गोल करके वह छह अलग-अलग विश्व कप में गोल करने वाले पहले पुरुष खिलाड़ी बने। हालांकि, विश्व कप जीतने का उनका सपना इस बार भी पूरा नहीं हो सका। सितंबर 2026 में कोच जॉर्ज जीसस के साथ मतभेद के बाद रोनाल्डो के राष्ट्रीय टीम छोड़ने की खबरें सामने आई थीं। उनका अंतिम अंतरराष्ट्रीय मुकाबला 24 सितंबर को वेल्स के खिलाफ रहा। इसके बाद 5 नवंबर को उन्होंने आधिकारिक रूप से संन्यास की घोषणा कर दी।
रोनाल्डो ने अपने विदाई संदेश में पुर्तगाल, परिवार, साथी खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और प्रशंसकों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय टीम के साथ उनका भावनात्मक संबंध हमेशा बना रहेगा। रोनाल्डो ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में छह विश्व कप खेले, यूरो 2016 और दो नेशंस लीग खिताब जीते। 234 मुकाबलों में 146 गोल का उनका रिकॉर्ड आने वाली पीढ़ियों के लिए बड़ी चुनौती रहेगा। क्रिस्टियानो रोनाल्डो का अंतरराष्ट्रीय संन्यास फुटबॉल प्रेमियों के लिए भावुक क्षण है। हालांकि, उनकी इस घोषणा का अर्थ क्लब फुटबॉल से संन्यास लेना नहीं है। पुर्तगाल की जर्सी में उनका ऐतिहासिक सफर समाप्त हो गया है, लेकिन उनके रिकॉर्ड, उपलब्धियां और यादगार गोल हमेशा फुटबॉल इतिहास का हिस्सा बने रहेंगे।
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