अन्य

आपातकाल के खिलाफ लड़ने वाले लोगों को सम्मानित करने का समय: प्रवीण खंडेलवाल

jantaserishta.com
7 July 2024 9:10 AM IST
आपातकाल के खिलाफ लड़ने वाले लोगों को सम्मानित करने का समय: प्रवीण खंडेलवाल
x
दिल्ली: आपातकाल के खिलाफ लड़ने वाले लोगों को सम्मानित करने के अवसर पर चांदनी चौक से भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा है कि, आपातकाल के समय लोगों और उनके परिवारों ने बहुत सी यातनाओं को सहन किया है। उस समय सब कुछ तबाह हो गया था। 1977 के बाद लोगों ने दोबारा जीवन शुरू किया।
उन्होंने आगे कहा कि, ये प्रोगाम याद दिलाता है कि देश की दूसरी आजादी के आंदोलन, जिसे 'संपूर्ण क्रांति' का नारा जय प्रकाश ने दिया था, ये सभी लोग उसके साक्षी हैं। मैं इन सबको प्रणाम करता हूं। अगर ये न होते तो लोकतंत्र आज जीवित न होता। इन लोगों को सम्मानित करने का समय आ गया है। किस तरह से जबरदस्ती लोगों को जेल में डाला गया। मेरे पूर्वज भी जेल में गए थे। मैंने खुद उस दौर को देखा है।
राजद सुप्रीमो लालू यादव के इस कथन पर कि 'केंद्र सरकार पांच साल तक नहीं चलेगी', पर प्रवीण खंडेलवाल ने बयान को बचकाना करार दिया और कहा कि, ये सब लोग राजनीतिक स्वार्थ के लिए किसी भी हद तक जाएंगे। लालू ने खुद आपातकाल सहा है और वे आज उन्हीं लोगों के साथ हैं। इनको देश से कुछ लेना-देना नहीं है। ये अपने स्वार्थ के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं।
प्रवीण खंडेलवाल ने चुनाव में चांदनी चौक से कांग्रेस के तीन बार के सांसद जयप्रकाश अग्रवाल को 89,325 वोटों के अंतर से हराया था। लेकिन उनकी जीत का अंतर पिछले चुनाव की तुलना में कम था। खंडेलवाल ने इस क्षेत्र में जाम की समस्या, पानी की सप्लाई, जल निकाली, फ्लाईओवर का निर्माण, हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर और सांस्कृतिक संरचनाओं के संरक्षण समेत कई मुद्दों को हल करने का वादा किया है।
jantaserishta.com

jantaserishta.com

भारत के भले ही किसी कोने में आप रह रहे हों, जनता से रिश्ता वेबसाइट पर आपके राज्य की हर छोटी-बड़ी खबर मिलेगी। राजनीति, खेल, चुनाव, बिजनेस, सिनेमा, इस प्लैटफॉर्म पर बस एक क्लिक करते ही हमेशा पाएं ताजा खबरें। उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, छत्तीसगढ़, झारखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल समेत देश के बाकी राज्यों और शहरों की कोई जानकारी हो, हम आपको देते हैं। सियासी रण हो या बजट का मौसम, कहां चल रहा क्या सियासी दांव-पेच, आपके गांव में किसकी सरकार, हर अपडेट यहां आपको मिलेंगे। तो फिर अपने राज्य की हर हलचल के लिए जुड़े रहिए जनता से रिश्ता के साथ।

    Next Story