न्यूज
तंबाकू छोड़ने से एक साल में हृदय रोग का खतरा हो जाता है आधाः डब्ल्यूएचओ
jantaserishta.com
31 May 2026 10:09 AM IST

x
नई दिल्ली: तंबाकू और धूम्रपान से होने वाले गंभीर स्वास्थ्य खतरों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए आज, यानी 31 मई को विश्व धूम्रपान निषेध दिवस मनाया जा रहा है। इस मौके पर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने हेल्थ एडवाइजरी जारी कर तंबाकू छोड़ने से होने वाले लाभ के बारे में बताया है।
डब्ल्यूएचओ ने एक्स पर लिखा, "आज विश्व तंबाकू निरोध दिवस है। तंबाकू का सेवन करने वालों में से लगभग 60 फीसदी लोग इसे छोड़ना चाहते हैं। शायद आप भी उनमें से एक हों। दुनिया भर में यह संख्या 75 करोड़ है। सहयोग से आप अपने सपने को सच कर सकते हैं। तंबाकू छोड़ने से आपके स्वास्थ्य को कई फायदे हो सकते हैं। 20 मिनट में आपकी हृदय गति कम हो जाती है। 2-12 हफ्तों में आपके फेफड़ों की कार्यक्षमता में सुधार होता है। इसके अलावा 1 साल में हृदय रोग का खतरा आधा हो जाता है। आप लत से छुटकारा पा सकते हैं। मदद उपलब्ध है, आज ही छोड़ें!"
इससे पहले 29 मई को डब्ल्यूएचओ ने आधिकारिक बयान में बताया था कि विश्वभर में 13-15 वर्ष की आयु के कम से कम 4 करोड़ बच्चे तंबाकू उत्पादों का सेवन करते हैं। युवाओं में ई-सिगरेट और निकोटीन पाउच का उपयोग लगातार बढ़ रहा है। विश्व स्वास्थ्य संगठन दुनिया भर की सरकारों से आग्रह करता है कि वे नई पीढ़ी को तंबाकू और निकोटीन उत्पादों की लत से बचाएं।
डब्ल्यूएचओ ने चेतावनी दी है कि तंबाकू और निकोटीन कंपनियां जानबूझकर अपने उत्पादों को अधिक आकर्षक, उपयोग में आसान और छोड़ने में मुश्किल बनाने के लिए उनमें बदलाव कर रही हैं।
डब्ल्यूएचओ के स्वास्थ्य निर्धारक, संवर्धन और रोकथाम विभाग के निदेशक डॉ. एटियेन क्रुग ने कहा, "तंबाकू लाखों लोगों की जान ले रहा है, फिर भी प्रमुख तंबाकू कंपनियां अपने व्यापार मॉडल को नया रूप दे रही हैं। घातक सिगरेट से मुनाफा कमाना जारी रखे हुए हैं, साथ ही अगली पीढ़ी को लत लगाने के उद्देश्य से फ्लेवर्ड ई-सिगरेट, निकोटीन पाउच और अन्य निकोटीन उत्पादों को आक्रामक रूप से बढ़ावा दे रही हैं।"
Tagsतंबाकू
jantaserishta.com
भारत के भले ही किसी कोने में आप रह रहे हों, जनता से रिश्ता वेबसाइट पर आपके राज्य की हर छोटी-बड़ी खबर मिलेगी। राजनीति, खेल, चुनाव, बिजनेस, सिनेमा, इस प्लैटफॉर्म पर बस एक क्लिक करते ही हमेशा पाएं ताजा खबरें। उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, छत्तीसगढ़, झारखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल समेत देश के बाकी राज्यों और शहरों की कोई जानकारी हो, हम आपको देते हैं। सियासी रण हो या बजट का मौसम, कहां चल रहा क्या सियासी दांव-पेच, आपके गांव में किसकी सरकार, हर अपडेट यहां आपको मिलेंगे। तो फिर अपने राज्य की हर हलचल के लिए जुड़े रहिए जनता से रिश्ता के साथ।
Next Story





