
x
Lucknow लखनऊ। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता Ravidas Mehrotra ने अयोध्या स्थित राम मंदिर से जुड़े कथित वित्तीय और सामग्री संबंधी अनियमितताओं को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि मंदिर निर्माण और उससे जुड़े कार्यों में 1200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित चोरी हुई है। इसके साथ ही सोने, चांदी और हीरे से जुड़ी 1250 शिलाओं के गायब होने का भी आरोप लगाया।
मीडिया से बातचीत के दौरान रविदास मेहरोत्रा ने कहा कि इस मामले की जांच केवल विशेष जांच दल (SIT) से कराने से वास्तविक दोषियों तक पहुंचना मुश्किल होगा। उन्होंने कहा कि यदि आरोपों की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच करानी है तो इसकी जांच उच्च न्यायालय या सर्वोच्च न्यायालय के किसी वर्तमान न्यायाधीश की निगरानी में कराई जानी चाहिए।
सपा नेता ने सवाल उठाते हुए कहा कि जो अधिकारी सरकार के अधीन कार्य करते हैं, उनके लिए मंत्रियों या प्रभावशाली लोगों के खिलाफ निष्पक्ष जांच करना कठिन हो सकता है। इसलिए न्यायिक जांच ही सच्चाई सामने लाने का सबसे उपयुक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि मामले में यदि कोई अनियमितता हुई है तो उसकी पूरी सच्चाई जनता के सामने आनी चाहिए।
मेहरोत्रा ने आरोप लगाया कि राम मंदिर जैसे आस्था के केंद्र से जुड़े मामले में किसी भी प्रकार की वित्तीय गड़बड़ी या संसाधनों के दुरुपयोग को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। उन्होंने सरकार से पूरे मामले में पारदर्शिता बरतने और तथ्यों को सार्वजनिक करने की मांग की। हालांकि, इन आरोपों पर संबंधित पक्षों की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। मामले में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और जांच एजेंसियों की ओर से भी अभी कोई औपचारिक निष्कर्ष जारी नहीं किया गया है।
Next Story





